
शराब ठेकेदार से सवा आठ लाख की लूट, पूर्व कर्मचारी निकला सरगना
आसींद थाना पुलिस ने चार दिन पहले शराब ठेकेदार के साथ हुई सवा आठ लाख की लूट मामले का खुलासा कर दिया। लूट के आरोप में छह जनों को गिरफ्तार किया। ठेकेदार के यहां पहले काम कर चुका कर्मचारी ही वारदात का सरगना निकला। उसने ही साथियों की मदद से वारदात कराई। सभी में लूट की राशि बराबर बंटनी थी। लालच में घटना को अंजाम दिया गया।
थानाप्रभारी हंसपाल के अनुसार 23 फरवरी को शराब ठेकेदार आसींद निवासी नौरतमल मेवाड़ा ने रिपोर्ट दी थी। परिवादी ने बताया कि रात में बाइक से घर जा रहा था। रास्ते में पीछे से बाइक पर आए तीन जनों ने धक्का देकर गिरा दिया। नौरतमल से बैग छीन ले गए, जिसमें 8 लाख 15 हजार रुपए थे। घटना के खुलासे के लिए विशेष टीम बनाई, जिसने अनुसंधान के बाद लूट के आरोप में सरगना कटार निवासी दिलीप मेवाड़ा, उसके साले भगवान उर्फ भावेश मेवाड़ा, चन्द्रशेखर आजादनगर, भीलवाड़ा निवासी गौतमसिंह उर्फ लक्की चौहान, विष्णु कुमार, अज्जु उर्फ अजय साइमन तथा सुठेपा, बड़लियास निवासी सद्दीक मंसूरी को गिरफ्तार किया।
दो माह पहले रची साजिश, फिर की रैकी
पूछताछ में सामने आया कि आरोपी दिलीप परिवादी नौरतमल के यहां काम करता था। तीन माह पूर्व ही नौकरी छोड़ी। उसे पता था कि दिनभर का कलेक्शन लेकर नौरतमल रात में घर जाता है। करीब एक माह पूर्व आरोपियों ने आसींद से बाहर शराब पार्टी की। सभी आरोपी शामिल हुए और लूट की साजिश रची। उसके बाद सभी ने नौरत की रैकी की।
साले को शामिल किया, साथी से कराई लूट
सरगना दिलीप का भावेश मामा ससुर का बेटा है। भावेश और लक्की दोस्त थे। लक्की ने कोई काम हो तो बताने की बात कही। दिलीप और भावेश ने लक्की को शामिल करते हुए गैंग बनाई। घटना के समय एक घंटे तक नौरतमल पर नजर रखी। रवाना होते ही विष्णु, अज्जु व लक्की पीछे लग गए। मौका देखकर बैग छीन भागे। वारदात में सद्दीक की बाइक काम में ली।
Published on:
27 Feb 2024 12:53 pm
