7 जुलाई 2026,

मंगलवार

Patrika Logo
home_icon

मेरी खबर

video_icon

शॉर्ट्स

epaper_icon

ई-पेपर

आयकर में नया कानून: आपूर्तिकर्ता को 45 दिन में करना होगा भुगतान

दी इंस्टीट्यूट ऑफ चार्टर्ड एकाउंटेंट्स ऑफ इंडिया एवं लघु उद्योग भारती के संयुक्त तत्वावधान में पटेल नगर के आईसीएआई भवन पर आयकर धारा 43 बी (एच) के प्रावधान पर कार्यशाला में चर्चा हुई।
less than 1 minute read
Google source verification
आयकर में नया कानून: आपूर्तिकर्ता को 45 दिन में करना होगा भुगतान

आयकर में नया कानून: आपूर्तिकर्ता को 45 दिन में करना होगा भुगतान

दी इंस्टीट्यूट ऑफ चार्टर्ड एकाउंटेंट्स ऑफ इंडिया एवं लघु उद्योग भारती के संयुक्त तत्वावधान में पटेल नगर के आईसीएआई भवन पर आयकर धारा 43 बी (एच) के प्रावधान पर कार्यशाला में चर्चा हुई। अध्यक्ष दिनेश आगाल ने बताया कि इसमें टेक्सटाइल व्यवसायी, उद्योगपति, व्यापारी, सीए सदस्यों ने भाग लिया।


सांसद सुभाष बहेडि़या ने बताया कि एमएसएमई व आयकर धारा 43 बी (एच) के प्रावधान सूक्ष्म और लघु उद्योगों के लिए व्यवसाय में बकाया राशि जल्द प्राप्त करने में सहायक होंगे और दीर्घकाल में फायदे होंगे। भारती अध्यक्ष शम्भूप्रसाद काबरा ने बताया कि नए प्रावधानों में स्पष्टीकरण की जरूरत है। काबरा ने इन प्रावधानों को स्थगित करने की मांग की।

सचिव आलोक सोमानी ने बताया कि मुख्य वक्ता आरएन महरवाल ने बताया कि आयकर की धारा 43 बी (एच) के तहत अगर किसी व्यक्ति का सूक्ष्म एवं लघु उद्यमी से बकाया हैं तो भुगतान एमएसएमई एक्ट में दी समय सीमा में करना होगा। अन्यथा इस राशि को खर्चे के रूप में क्लेम नहीं किया जा सकेगा। बकाया राशि को उस वित्त वर्ष की आय में जोड़ दिया जाएगा। नए कानून के अनुसार आपूर्तिकर्ता को 45 दिन की सीमा में भुगतान करना होगा। यह प्रावधान केवल सूक्ष्म और लघु उद्यमियों के लिए लागू हैं।
अतुल सोमानी, शिव झंवर,सोनेश काबरा, लघु उद्योग भारती से प्रदेश संयुक्त सचिव राजकुमार मेलाना, संजीव चिरानिया, महेश हुरकट, चंदा मूंदड़ा, पल्लवी लड्ढा आदि उपस्थित थे। संचालन आलोक सोमानी व अजय मूंदड़ा ने किया।

बड़ी खबरें

View All

भीलवाड़ा

राजस्थान न्यूज़

ट्रेंडिंग