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शाहपुरा फूलड़ोल महोत्सव में आचार्य रामदयाल की बड़ी घोषणा

रामस्नेही संप्रदाय के फूलड़ोल महोत्सव का समापन रविवार अपरान्ह रामनिवास धाम की बारादरी में संतों व हजारों भक्तों की उपस्थिति में आचार्य रामदयाल महाराज के चार्तुमास की घोषणा के साथ हुआ। आचार्य का आगामी चार्तुमास मध्यप्रदेश के इन्दौर में होगा।

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शाहपुरा फूलड़ोल महोत्सव में आचार्य रामदयाल की बड़ी घोषणा

शाहपुरा फूलड़ोल महोत्सव में आचार्य रामदयाल की बड़ी घोषणा

शाहपुरा फूलड़ोल महोत्सव में आचार्य रामदयाल की बड़ी घोषणा, जानिए


रामस्नेही संप्रदाय के फूलड़ोल महोत्सव का समापन रविवार अपरान्ह रामनिवास धाम की बारादरी में संतों व हजारों भक्तों की उपस्थिति में आचार्य रामदयाल महाराज के चार्तुमास की घोषणा के साथ हुआ। आचार्य का आगामी चार्तुमास मध्यप्रदेश के इन्दौर में होगा।

महोत्सव के अंतिम दिन पूर्व चार्तुमास की विनती करने के लिए इन्दौर, रेलमगरा, कैथुन, जयपुर, पुष्कर, महाजनपुरा(मालपुरा), नई दिल्ली, शाहपुरा (भीलवाड़ा) आदि 9 शहरों की ओर से पेश की गई अरजियों का वाचन संतों की ओर से किया गया। सांसद सुभाष बहेड़िया व शाहपुरा के पूर्व राजपरिवार के मुखिया जयसिंह भी मौजूद रहे।

दोपहर ठीक 12.15 बजे अभिजीत मुहर्त में आचार्य रामदयाल के शाहपुरा में चार्तुमास की घोषणा करते ही रामनिवास धाम परिसर में मौजूद हजारों भक्तजनों में उत्साह का संचार व्याप्त हो गया। इन्दौर के भक्तों ने आचार्यश्री से चार्तुमास की स्वीकृति स्वरूप गोटकाजी को प्राप्त किया तथा संत की अगुवाई में उसका गुलाल खेलते हुए जुलूस निकाला। इस दौरान वहां के भक्तों ने एक दूसरे को रंग, अबीर व गुलाल से सरोबार कर दिया।

चार्तुमास क्षेत्र तथा आस पास के भक्तजनों ने रामनिवास धाम परिसर में गोटकाजी को लेकर शोभायात्रा निकाली गई। इस बार 253 वें फूलडोल महोत्सव के दौरान शोभायात्रा में चढ़ावे के रूप में 351 व्यंजन पेश किए

राजस्थान के भीलवाड़ा जिले में शाहपुरा फूलडोल महोत्सव के अंतिम दिन रविवार को रामस्नेही संप्रदाय की परंपरा के मुताबिक शहर से आद्याचार्य की अणभैवाणी की शोभायात्रा निकाली गई। गए। राजस्थान के अलावा गुजरात, महाराष्ट्र, पंजाब, मध्यप्रदेश, हरियाणा, दिल्ली, पंजाब, उत्तराखंड, सिंगापुर व वियतनाम से बड़ी संख्या में रामस्नेही अनुयायी पहुंचे।