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शिक्षा के मंदिर में शोषण: बिजौलिया के श्रीजी कॉलेज में छात्रों से अवैध वसूली

निदेशक व प्राचार्य पर गंभीर आरोप, कलक्टर व एसडीएम से की शिकायत, छात्रों को परीक्षा में बैठने से रोका
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Exploitation in the temple of education: Illegal collection from students at Shreeji College in Bijolia

भीलवाड़ा जिले के बिजौलिया स्थित श्रीजी शिक्षक प्रशिक्षण महाविद्यालय में विद्यार्थियों के साथ अमानवीय व्यवहार, अवैध वसूली और जातिगत भेदभाव का बड़ा मामला सामने आया है। महाविद्यालय के छात्र-छात्राओं और एससी.-एसटी वर्ग के विद्यार्थियों ने एकजुट होकर जिला कलक्टर भीलवाड़ा और उपखण्ड अधिकारी बिजौलिया को शिकायत सौंपी है । विद्यार्थियों ने कॉलेज के निदेशक ऋतुराज पाण्डेय और प्राचार्य वन्दना पाण्डेय के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की मांग की है। इस मामले में बिजौलिया तहसीलदार को ज्ञापन दिया है।

अवैध फाइन और परीक्षा में फेल करने की धमकियां

शिकायत में विद्यार्थियों ने बताया कि उन्होंने सत्र 2025-26 के लिए पीटीईटी परीक्षा के माध्यम से प्रवेश लिया था और नियमानुसार अपने सभी दस्तावेज व शिक्षण शुल्क जमा करवा दिए हैं। आरोप है कि इसके बावजूद कॉलेज प्रबंधन अतिरिक्त पैसे कमाने की नीयत से मनमाने ढंग से अवैध फाइन लगा रहा है। जब विद्यार्थी यह अवैध राशि देने से मना करते हैं, तो उन्हें परीक्षा में प्रवेश न देने, प्रैक्टिकल में फेल करने और उनका भविष्य खराब करने की धमकियां दी जाती हैं। इस मानसिक और आर्थिक प्रताड़ना का नतीजा यह रहा कि 25 अप्रेल 2026 को होने वाली परीक्षा में भी इन विद्यार्थियों को परेशान किया गया और परीक्षा नहीं देने दी गई।

शौचालय साफ करवाए, दिया जातिगत ताना

महाविद्यालय में दलित वर्ग के विद्यार्थियों के साथ बेहद शर्मनाक सुलूक किए जाने के आरोप लगे हैं। शिकायत के अनुसार प्रबंधन की ओर से इन विद्यार्थियों को जातिसूचक शब्दों से अपमानित किया जाता है। उन्हें यह कहकर जलील किया जाता है कि आरक्षण के दम पर तुम लोग यहां तक पहुंच गए, बाकी तुम्हारी औकात हमारे घरों में बर्तन मांजने की है। इसके साथ ही प्रबंधन की ओर से छात्र-छात्राओं से ही कॉलेज के शौचालयों की सफाई करवाई जा रही है।

हमारी राजनैतिक पहुंच ऊपर तक है

छात्रों का आरोप है कि कॉलेज प्रबंधन पूरी तरह से निरंकुश हो चुका है। विद्यार्थियों को खुलेआम धमकी दी जाती है कि हम बहुत पैसे वाले हैं और हमारी राजनैतिक पहुंच बहुत ऊपर तक है, जहाँ चाहो हमारी शिकायत कर लो, कोई हमारा कुछ नहीं बिगाड़ सकता। प्रबंधन की ओर से यह भी डराया जाता है कि वे पहले भी कई विद्यार्थियों की पढ़ाई छुड़वा कर उनका भविष्य खराब कर चुके हैं। इस शिकायत पत्र पर राजकुमार, प्रियंका, यशवंत, नेहा धाकड़, बसंती रेगर, मीनाक्षी खटीक सहित दर्जनों पीड़ित छात्र-छात्राओं ने हस्ताक्षर कर न्याय की गुहार लगाई है। सभी ने बिजौलिया तहसीलदार को ज्ञापन देकर प्रबंधक के खिलाफ कार्रवाई की मंग की है। उधर, श्रीजी कॉलेज के निदेशक ऋतुराज पांडे का कहना है कि किसी भी छात्र से अतिरिक्त फीस नहीं ली जा रही है यह आरोप निराधार है। कॉलेज में 80 प्रतिशत उपस्थिति अनिवार्य है।

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