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उधार से चला रहे काम, न्यूरोलोजी वार्ड की दरकार

भीलवाडा. मेडीकल कॉलेज की स्थापना के बाद कई क्षेत्रों में सुुपर स्पेशलिस्ट की सेवाएं शुरू होने से रोगियों को अहमदाबाद, दिल्ली, मुम्बई की दौड़ से निजात मिलेगी।
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भीलवाड़ा

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Suresh Jain

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Updated: 14 Oct 2022, 8:27 AM IST

उधार से चला रहे काम, न्यूरोलोजी वार्ड की दरकार

उधार से चला रहे काम, न्यूरोलोजी वार्ड की दरकार

भीलवाडा. मेडीकल कॉलेज की स्थापना के बाद कई क्षेत्रों में सुुपर स्पेशलिस्ट की सेवाएं शुरू होने से रोगियों को अहमदाबाद, दिल्ली, मुम्बई की दौड़ से निजात मिलेगी। भीलवाडा अिस्थ रोग सेवाओं में नाम कमाया, लेकिन न्यूरोलोजी में अच्छी सेवाओं का अभाव था। अब न्यूरोलोजी विभाग में सुुपर स्पेशलिस्ट के रुप में डॉ. चंद्रजीतसिंह राणावत की नियुक्ति के बाद इसमें सुधार हुआ। मानसिक रोगों से संबंधित मरीजों की कतार महात्मा गांधी चिकित्सालय के ऑउटडोर में देखी जा सकती है।


न्यूरोलोजी विभाग में नियुक्त डॉ. राणावत ने बताया कि आउटडोर में सप्ताह में सोमवार व गुरुवार को मानसिक बीमारियों से ग्रस्त लोगों के लिए सेवाएं शुरू कर दी। दोनों दिनों में 70 से 80 मरीज आते हैं। इनमें से अधिकाशं सिर दर्द, माइग्रेन, दिमागी बुखार, लकवा आदि रोगों से ग्रसित मरीज शामिल है।

नियमित रुप से 3-4 रोगियों को भर्ती किया जा रहा है। अस्पताल प्रशासन ने अब तक मानसिक रोगियों के लिए अलग से वार्ड शुरू नहीं किया। इनडोर मरीजों को मेडीकल वार्ड में भर्ती कर इलाज किया जा रहा है। अलग से बार्ड बनाने के लिए चिकित्सालय प्रशासन को अवगत करा दिया है।

उधर गुरुवार को आउटडोर पहुंचे कांदा निवासी ने बताया कि 7 वर्षीय बेटी लम्बे समय से मानसिक बीमारी से ग्रस्त थी। इलाज के लिए हर दो माह में अहमदाबाद ले जाते थे। स्थानीय स्तर पर इलाज मिलने से समय, श्रम व धन की बचत हुई। एमजीएच के अधीक्षक डॉ, अरुण गौड़ ने बताया कि जल्द अलग वार्ड बनाया जाएगा। अभी डॉक्टर का सप्ताह में दो दिन का ऑउटडोर है, उसे भी बढ़ाने का प्रयास किया जा रहा है।