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पुल पर आई दरार, 60 किमी. का लगाना पड़ेगा अतिरिक्त चक्कर

चंबल पुल पर दरार आने के कारण रविवार रात से गाड़ियों की आवाजाही पर रोक..
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भिंड

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Shailendra Sharma

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Updated: 26 Jun 2022, 5:52 PM IST

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भिंड. भिंड जिले में नेशनल हाइवे-92 पर बने चंबल नदी के पुल में दरार आने के कारण एक बार फिर पुल से भारी वाहनों का आवागमन बंद किया जा रहा है। प्रशासन के आदेशानुसार रविवार रात से पुल पर से भारी वाहनों का गुजरना प्रतिबंधित होगा। बता दें कि ये पुल मध्यप्रदेश और उत्तरप्रदेश को जोड़ता है। हालांकि इसके बंद से दोनों राज्यों के बीच का संपर्क नहीं टूटेगा लेकिन लंबा ज्यादा हो जाएगा और लोगों को करीब 60 किमी. का चक्कर लगाना पड़ेगा। चंबल का ये पुल यूपी के इटावा से एमपी को जोड़ता है।

पुल पर आई दरार, लगाना पड़ेगा 60 किमी का अतिरिक्त चक्कर
बता दें कि भिंड जिले में चंबल नदी पर बने पुल में बीते दिनों दरार आने के बाद प्रशासन ने रविवार रात से पुल पर से भारी वाहनों के गुजरने पर पाबंदी लगा दी जाएगी। जिसके बाद यूपी के इटावा और भिंड जिले की ओर से जाने वाले भारी वाहनों को करीब 60 किमी. का अतिरिक्त चक्कर लगाना पड़ेगा। बताया जा रहा है कि इस पुल पर होने वाली चेकिंग के दौरान भारी जाम लग जाता है और वाहनों के वजन के कारण ही इस पुल में दरार आ गई है। अधिकारियों ने भारी वाहनों के आवागमन को बंद करने के आदेश जारी कर दिए हैं।

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16 साल में 10 बार खराब हुआ पुल
बता दें कि ग्वालियर-इटावा नेशनल हाईवे-92 पर स्थित चंबल नदी पर इस पुल का निर्माण 1976 में हुआ था। बीते 16 साल में ये 10वीं बार है जब पुल खराब हुआ है। सबसे पहले साल 2002 में पुल खराब हुआ था, तब पुल की बेरिंग टूटने की वजह से करीब एक महीने तक इस पर आवागमन रुका रहा था। इसके बाद साल 2008 में पुल की एक स्लैब में दरार आ गई थी। इसके बाद साल 2012 में भी एक बार फिर स्लैब धंसक गई थी, तब एक महीने से ज्यादा समय तक पुल पर ट्रैफिक बंद रहा था। 2013 में फिर से पुल के छठवें पिलर की ज्वाइंट एक्सटेंशन बेरिंग खराब हो गया था तब भी महीनेभर तक पुल हो पाया था। साल 2016 में फिर से पुल की एक स्लैब टूटी जबकि इसी साल मई में छठवें पिलर की बैरिंग खराब हो गई. इसके बाद पिछले साल 2018 में भी दो बार पुल खराब हुआ है।

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