
कई जगह अवैध रूप से तोड़ी दीवार, काश्तकार भी मनचाही जगह से ले रहे रास्ते
भिवाड़ी. रीको ने सलारपुर औद्योगिक क्षेत्र के एक तरफ करीब चार करोड़ रुपए से चारदीवारी निर्मित की थी। चारदीवारी निर्मित करने का उद्देश्य रीको के उद्योग क्षेत्र में आसपास के अतिक्रमण और अवैध कब्जे को रोकना था। इसके लिए ही चारदीवारी पर भारी भरकम राशि खर्च की गई लेकिन रीको अधिकारियों की लापरवाही और मौन संस्कृति की वजह से उक्त दीवार उद्योग क्षेत्र की सुरक्षा करने में सफल नहीं हो रही है। उल्टा दीवार को ही तहस-नहस कर नष्ट किया जा रहा है। उद्योग क्षेत्र की सुरक्षा के लिए खड़ी की गई दीवार की ही हिफाजत करने की जरूरत है। सलारपुर औद्योगिक क्षेत्र में काश्तकारों ने खेतों में आवागमन करने के लिए जगह-जगह से चारदीवारी को तोड़ दिया है। दीवार तोडऩे का सिलसिला लगातार जारी है, परंतु रीको अधिकारियों को यह दिखाई नहीं दे रहा है। इसके साथ ही उद्योग क्षेत्र से लगी हुई कई जमीनों पर भूखंड काटकर बेचान किया जा रहा है। निजी खातेदारी की जमीनों को रीको उद्योग क्षेत्र से रास्ता दिया जा रहा है और यह रास्ता भी रीको की चारदीवारी को तोडक़र दिया जा रहा है। कई जगह कई मीटर चारदीवारी को हटा दिया गया है और निजी खातेदारी की जमीन पर काटे गए अवैध भूखंड का रास्ता बना दिया गया है। जानकारों की मानें तो यह सब रीको अधिकारियों की लापरवाही से हो रहा है। रीको अधिकारी दीवार की सुरक्षा ही नहीं कर सकते फिर निर्माण में करोड़ों रुपए की राशि खर्च क्यों कराई। इस तरह अवैध भूखंड काटने और निवेशकों को उद्योग क्षेत्र के आसपास में सस्ती दर पर भूखंड मिल जाने से रीको में निवेशक नहीं आएंगे।
निवेशक हो रहे प्रभावित
सलारपुर में 2022 के बाद बड़ी संख्या में निवेशक आए हैं। निवेशकों ने यहां के माहौल को उद्योगों के अनुसार उचित समझा लेकिन हाल फिलहाल में जिस तरह से उद्योग क्षेत्र की चारदीवारी को तोड़ा जा रहा, कृषि भूमि पर अवैध भूखंड काटकर रीको की सडक़ों से रास्ता लिया जा रहा है, इससे उद्योग क्षेत्र की छवि खराब होगी और नए निवेशक प्रभावित होंगे, जो निवेशक आ चुके हैं, उन्हें भी निराशा हाथ लगेगी।
दूषित पानी से बदूब, कचरे से धुंआ
उद्योग क्षेत्र में एक तरफ दीवार तोडक़र माहौल खराब हो रहा है, वहीं दूसरी तरफ दूषित पानी से दूर तक बदबू आती है। इस दूषित पानी की तरफ जो भी निवेशक जाते हैं, उन्हें निवेशक के लिए समझाना मुश्किल होता है। इसके साथ ही एक तरफ कचरे के ढेर हैं, जिनमें दूर से बदबू के साथ आग लगने पर धुंआ उठता है, जिससे आसपास के पूरे क्षेत्र में दम घुटने लगती है। आखिरकार ऐसी स्थिति में निवेशकों को कैसे अनुकूल माहौल मिलेगा।
रीको अधिकारियों का पक्ष जानने स्थानीय से लेकर उच्चाधिकारियों को कॉल और मैसेज किया, उन्होंने जबाव नहीं दिया।
Published on:
17 Mar 2026 06:42 pm
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