अदालत ने दहेज प्रताड़ना और पत्नी को आत्महत्या को मजबूर करने के मामले में पति को दोषी ठहराते हुए 5 साल जेल की सजा सुनाई।
भिवाड़ी/धारूहेड़ा/पत्रिका। अदालत ने दहेज प्रताड़ना और पत्नी को आत्महत्या को मजबूर करने के मामले में पति को दोषी ठहराते हुए 5 साल जेल की सजा सुनाई। अदालत ने दोषी पर 30 हजार रुपए का जुर्माना भी लगाया है।
पुलिस ने बताया कि धारूहेड़ा की गोयल कालोनी निवासी रीना की शादी 17 फरवरी 2019 को जिला चरखी दादरी के गांव अचीना निवासी रिंकू के साथ हुई थी। उसका पति आर्मी में है। मई 2019 में वह अपने मायका में आई तो उसने यहां ससुराल से परेशान होकर जहरीला पदार्थ खा लिया। जिससे उसकी मौत हो गई। मायका पक्ष ने पति रिंकू सहित ससुराल पक्ष के अन्य लोगों पर दहेज हत्या के आरोप में मामला दर्ज कराया था। पुलिस ने 25 सितंबर 2019 को अदालत में चार्जशीट दाखिल की थी।
चार साल बाद सुनाया फैसला
अतिरिक्त जिला एवं सत्र न्यायाधीश सरताज बासवाना की अदालत ने दोषी पति को आत्महत्या के लिए मजबूर करने के मामले में 5 साल की कैद व 25 हजार रुपए जुर्माना एवं दहेज प्रताड़ना में दो साल की कैद और पांच हजार रुपए जुर्माना की सजा सुनाई। जुर्माना अदा नहीं करने पर दोषी को 6 माह का अतिरिक्त कारावास भुगतना होगा।