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शिक्षकों और डॉक्टरों की रिटायरमेंट उम्र बढ़ेगी, जल्द लागू होगा संशोधन

MP News: जनवरी 2025 में राजधानी में हुए आयुर्वेद महापर्व में मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने यह घोषणा की थी।

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MP News:मध्यप्रदेश में आयुष कॉलेजों के शिक्षक और डॉक्टरों की सेवानिवृत्ति आयु अब एलोपैथी डॉक्टरों की तरह 65 वर्ष होगी। इस संबंध में आयुष विभाग ने प्रस्ताव कैबिनेट को भेज दिया है। कैबिनेट से मंजूरी मिलने के बाद यह संशोधन लागू हो जाएगा। आयुष डॉक्टरों की कमी को दूर करने के लिए यह फैसला लिया गया है। क्योंकि हर साल 15-20 डॉक्टर सेवानिवृत्त हो रहे हैं लेकिन भर्ती उतने डॉक्टरों की नहीं हो पा रही है।


खुलेंगे 11 नए आयुर्वेदिक कॉलेज

इसके साथ सरकार 11 नए आयुर्वेदिक कॉलेज भी शुरू कर रही है। इनमें से पांच तो अगले साल शुरू होने की संभावना है।जनवरी 2025 में राजधानी में हुए आयुर्वेद महापर्व में मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने यह घोषणा की थी। इसके पहले से यह प्रस्ताव विचाराधीन था लेकिन वित्त की आपत्ति के बाद से ठंडे बस्ते में था। जानकारी के लिए बता दें कि यह प्रस्ताव शासन स्तर पर पांच साल से भी अधिक समय से लंबित है।

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65 साल करने की मांग

मेडिकल कॉलेज, उच्च शिक्षा, तकनीकी शिक्षा और पशु चिकित्सा शिक्षा के कॉलेजों में फैकल्टी की सेवानिवृत्ति की आयु पहले से ही 65 साल है, इसलिए आयुष कालेज के शिक्षक व डॉक्टर भी आयु सीमा 65 साल करने की मांग कर रहे हैं। स्वास्थ्य विभाग के अस्पतालों में भी डॉक्टरों की सेवानिवृत्ति की उम्र 62 से बढ़ाकर 65 साल की जा चुकी है। इसका बड़ा कारण यह है कि अस्पतालों में डॉक्टरों की संख्या आवश्यकता से कम है।