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54 गृह निर्माण समितियों के 2100 सदस्यों को नहीं मिले प्लॉट, मंत्री के पास पहुंचीं जांच रिपोर्ट-फाइलें

सख्ती: सहकारिता विभाग की जांच के बाद अब समितियों के संचालकों पर एफआईआर की तैयारी

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54 गृह निर्माण समितियों के 2100 सदस्यों को नहीं मिले प्लॉट, मंत्री के पास पहुंचीं जांच रिपोर्ट-फाइलें

54 गृह निर्माण समितियों के 2100 सदस्यों को नहीं मिले प्लॉट, मंत्री के पास पहुंचीं जांच रिपोर्ट-फाइलें

ोपाल. जमापूंजी से गृह निर्माण समितियों में प्लॉट लेने वालों का हक छीनने वाली 54 समितियों की फाइलें एवं जांच रिपोर्ट सहकारिता मंत्री डॉ. गोविंद सिंह के कार्यालय भेजी गई हैं। 20 साल में इन सभी समितियों में जमकर गड़बडिय़ां की गईं। 2100 से अधिक लोगों को प्लॉट नहीं दिए। साथ ही कई सालों से इनकी ऑडिट रिपोर्ट तक सहकारिता विभाग को नहीं दी गई। माफियाओं के खिलाफ चलाए जा रहे अभियान से इन्हें प्लॉट मिलने की आस जगी है। सहकारिता विभाग इन समितियों के संचालकों पर एफआईआर दर्ज करवाने की तैयारी में है।
प्रमुख गृह निर्माण समितियां और उनके फर्जीवाड़े
1. रोहित गृह निर्माण समिति: रसूखदारों ने प्लॉट हड़प लिए। 250 लोगों को प्लॉट नहीं मिले।
2. स्वजन गृह निर्माण समिति: समिति के अधिकतर सदस्यों को प्लॉट नहीं मिले।
3. गौरव गृह निर्माण समिति: 44 सदस्यों ने समिति बनाई थी। बिल्डर ने डुप्लेक्स बनाकर बेच दिए।
4. महाकाली सोसायटी: रसूखदारों को प्लॉट बेचे। 42 से ज्यादा लोगों को प्लॉट नहीं मिले।
5. गौरी गृह निर्माण समिति: 14 किसानों से जमीन लेकर गृह निर्माण समिति बनाई। 1500 सदस्यों से राशि ली, पर रेकॉर्ड में नहीं दर्शाया।
6. शिल्पी गृह निर्माण समिति: कोलार रोड की कॉलोनी में 200 से अधिक लोगों को प्लॉट नहीं मिले।
7. मनीपुरम हाउसिंग सोसायटी: 20 सदस्यों को प्लॉट नहीं मिले। ईओडब्ल्यू में मामला दर्ज है।
8. आदर्श हाउसिंग सोसायटी: समिति सदस्यों को प्लॉट नहीं मिले।
9. कामधेनु सोसायटी: कई सदस्यों को प्लॉट नहीं मिले हैं।
10. नीलबड़ गृह निर्माण समिति: सदस्यों को प्लॉट नहीं दिए।

कृषि भूमि पर बना रहे थे कॉलोनी, सड़क, बाउंड्रीवॉल तोड़ी खंभे उखाड़े
भोपाल. राजधानी में भूमाफियाओं के खिलाफ की जा रही कार्रवाई मंगलवार को धीमी रही। इसकी वजह शहर में वीआईपी मूवमेंट के कारण लॉ एंड ऑर्डर में अधिकारियों की तैनाती बताई जा रही है। इससे भूमाफिया विजय श्रीवास्तव के बरखेड़ा पठानी स्थित अवैध निर्माण, गैंगस्टर मुख्तार मलिक के श्यामला हिल्स के मकान और रईस रेडियो के खानूगांव के अवैध निर्माण पर जेसीबी नहीं चली।
हालांकि प्रशासन ने सूखी सेवनियां में कृषि भूमि पर विकसित की गईं पांच कॉलोनियों के गेट, सड़क और बाउंड्रीवॉल तोडऩे के साथ बिजली के खंभे उखाड़े गए।
यहां चली जेसीबी
सूखी सेवनियां में रईसुद्दीन की खसरा नंबर 88/9 की 0.330 हेक्टेयर, महाराज सिंह, मुकेश, अनिल एवं अन्य की खसरा नंबर 88/10 की 0.340 हेक्टेयर जमीन पर कॉलोनी काटी जा रही थी। इसी तरह खसरा नंबर 521 की 0.860 हेक्टेयर, खसरा नंबर 522 की 0.820 हेक्टेयर समेत एक अन्य कृषि भूमि पर 140 से अधिक प्लॉट काट दिए गए थे।

ईओडब्ल्यू: घनश्याम सिंह के खिलाफ 14 और शिकायतें

भोपाल. रोहित हाउसिंग सोसायटी सहित अन्य जमीनों पर कब्जा करने वाले भूमाफिया घनश्याम सिंह राजपूत के खिलाफ ईओडब्ल्यू में केस दर्ज होने के बाद 14 और शिकायतें पहुंची हैं। इनमें प्लॉट की दोबारा रजिस्ट्री करने, लोगों को धमकाकर प्लॉट हड़पने, अपात्रों को सदस्य बनाकर प्लॉट बेचने आदि शामिल हैं। सबसे अधिक शिकायतें रोहित नगर के अलग-अलग फेस में घनश्याम द्वारा की गईं गड़बडिय़ों की हैं। ईओडब्ल्यू ने सभी शिकायतों की नए सिरे से जांच शुरू कर दी है। मालूम हो कि ईओडब्ल्यू ने घनश्याम सहित 24 लोगों के खिलाफ केस दर्ज कर रखा है। आरोपों की तस्दीक सहकारिता विभाग के रेकॉर्ड से करवाई जा रही है। सभी शिकायतों में घनश्याम सिंह को ही मास्टर माइंड बताया गया है।