15 फ़रवरी 2026,

रविवार

Patrika Logo
Switch to English
home_icon

मेरी खबर

video_icon

शॉर्ट्स

epaper_icon

ई-पेपर

Human Trafficking : मुंबई के रेड लाइट एरिया में बेची जा रहीं एमपी की नाबालिग लड़कियां

एमपी में एक्टिव ह्यूमन ट्रैफिकिंग गैंग 7-12 साल की बच्चियों को जल्दी जवान बनाने देते हैं नशीली दवाएं...

2 min read
Google source verification
mumbai_red_light_area.jpg

Human Trafficking Gang Arrest बीते दिनों सीहोर जिले में पकड़ाए ह्यूमन ट्रैफिकिंग गैंग से पूछताछ में हैरान कर देने वाली बातें सामने आई हैं। पूछताछ में पता चला है कि ये गैंग अभी तक अलग अलग इलाकों से कई बच्चियों को किडनैप कर तस्करी कर चुका है। गैंग का टारगेट 7-12 साल की बच्चियां होती थीं जिन्हें किडनैप करने के बाद गैंग के सदस्य मुंबई के रेड लाइट एरिया व देश के अलग अलग रेड लाइन एरिया में बेच दिया करते थे। पुलिस ने इस गैंग के अब तक 13 सदस्यों को गिरफ्तार किया है जिनमें कुछ महिलाएं भी हैं।

पूरे मामले को सिलसिलेवार आपको समझाते हैं। दऱअसल गैंग के कुछ सदस्यों ने इछावर इलाके के डुंडलावा गांव से एक सात साल की बच्ची को किडनैप किया था। पुलिस को इसकी जानकारी 12 फरवरी को लगी थी और पुलिस ने महज 24 घंटे के अंदर ही गैंग के 9 सदस्यों को पकड़ते हुए उनके चंगुल से बच्ची को छुड़ाया था। इनमें 2 महिलाएं भी शामिल थीं, बाद में गैंग के 4 और सदस्यों को पकड़ा गया था जिनसे पूछताछ में चौंका देने वाले खुलासे हुए हैं।

यह भी पढ़ें- Robbers attack bus : बागेश्वर धाम जा रही श्रद्धालुओं से भरी बस पर लुटेरों का हमला

गैंग से हुई पूछताछ में पता चला है कि गैंग के टारगेट पर 7 से 12 साल की बच्चियां होती थीं। गैंग के सदस्य पहले लड़कियों की फोटो खींचते थे और फिर दलालों को भेजते थे। दलालों की मंजूरी के बाद पैसों की बातचीत होती थी और फिर लड़की की किडनैपिंग की जाती थी। ये भी पता चला है कि आरोपी एक लड़की के लिए 2 से 5 लाख रुपए की डिमांड करते थे। गैंग के सदस्य लड़कियों को जल्दी जवान करने उन्हें नशीली दवाएं भी दिया करते थे।

ह्यूमन ट्रैफिकिंग गैंग के तार मुंबई से भी जुड़े होने के सुराग मिले हैं। दरअसल गैंग की एक सदस्य किरण जिसे की शिवपुरी से पकड़ा गया है वो पहले मुंबई में रहती थी। किरण की बहन वंदना और उसके पति अनुज की गिरफ्तारी के बाद पता चला है कि वंदना की दो बहनें हैं जो अभी भी मुंबई में रहती हैं और किसी बार में काम करती हैं। अंदेशा है कि उन्हीं दो बहनों के जरिए किरण व वंदना किडनैप लड़कियों को रेड लाइट एरिया में सेल करती थीं।
देखें वीडियो- जान बचाने पेड़ पर चढ़ा तेंदुआ, नीचे बैठा रहा बाघ