
bhopal mayor alok sharma
भोपाल। भोपाल के महापौर आलोक शर्मा ने दो दिन पहले बंद पड़ी भानपुर खंती में अचानक लगी आग लेकर बड़ा एक बयान दिया है। उन्होंने इस आग के पीछे किसी का षड़यंत्र बताया है। उन्होंने आग के जांच के आदेश दिए है,और दोषियों पर कड़ी कार्रवाई की बात की है।
ज्ञात हो कि सोमवार शाम को अचानक भानपुर खंती में आग लग गई थी, जिससे शहर भर में धुएं का असर देखने को मिला था। 24 घंटे में 12 दमकलों ने 115 टैंकर पानी खंती में बहाया, लेकिन उसके बावजूद आग पूरी तरह शांत नहीं हो पाई है। बीते दिनों ही 40 साल पुरानी खंती पर हाल में औपचारिक रूप से ताला लगाया और 58 करोड़ रुपए से इसकी साइंटिफिक क्लोजिंग शुरू की थी।
इस पूरे मामले में ये भी खास बात है कि दो दिन तक चुप रहने के बाद चुप्पी तोड़ते हुए खंती में अचानक लगी आग को लेकर महापौर आलोक शर्मा ने बड़ा बयान दिया है। शर्मा ने कहा है कि 24 स्थानों पर आग षड्यंत्र के तहत लगाई गई है। अग्निकांड के जांच के आदेश दिए गए है। जल्द ही दोषियों पर कार्रवाई करते हुए एफआईआर दर्ज की जाएगी।उन्होंने कहा कि स्वच्छता सर्वे में भोपाल को बदनाम करने के लिए लगाई जा सकती है।इसको लेकर जांच चल रही है, जल्द ही खुलासा हो जाएगा।
गौरतलब है कि मध्यप्रदेश की राजधानी भोपाल में बनी भानपुर खंती को 23 जनवरी को तालाबंदी और कचरे की डंपिंग बंद होने के कारण नगर निगम द्वारा बंद कर दिया था। तभी सोमवार देर शाम खंती (कचरा डंप करने की जगह) में आग लग गई, जिसके चलते धुएं का गुबार पूरे शहर में फैल गया था।
वहीं 24 घंटे में 12 दमकलों ने 115 टैंकर पानी खंती में बहाया, लेकिन आग पूरी तरह शांत नहीं हो पाई ।वहीं 23 जनवरी को 40 साल पुरानी भानपुर खंती पर ताला लगाया दिया गया था। भानपुरा खंती के क्लोजर के बाद इसके कचरे से एक निजी कंपनी बिजली बनाएगी। बिजली बनाने के लिए निगम ने पहल ही निजी कंपनी से करार कर लिया है।
ये है मामला...
भानपुर खंती में सोमवार शाम सात बजे लगी आग के धुएं ने मंगलवार को करीब आधा शहर अपने कब्जे में कर लिया। पीसीबी के वैज्ञानिकों के अनुसार आग से आसपास के क्षेत्र की हवा में पांच गुना तक जहरीली गैस बढ़ गई है।
पुराने शहर के साथ नए शहर के कटारा हिल्स, चूनाभट्टी तक इस धुएं की गंध लोगों ने महसूस की। 24 घंटे में 12 दमकलों ने 115 टैंकर पानी खंती में बहाया, लेकिन आग पूरी तरह शांत नहीं हुई। 40 साल पुरानी खंती पर हाल में औपचारिक रूप से ताला लगाया और 58 करोड़ रुपए से इसकी साइंटिफिक क्लोजिंग शुरू की थी। लोगों ने आरोप लगाया है कि आग से कचरा खत्म करने की कोशिश की जा रही है। हालांकि निगम के अफसर इसे मिथेन गैस के प्रभाव से आए दिन लगने वाली आग बताकर खारिज कर रहे हैं।
Published on:
31 Jan 2018 04:28 pm
बड़ी खबरें
View Allभोपाल
मध्य प्रदेश न्यूज़
ट्रेंडिंग
