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खुशखबरी: दो दिन में आ जाएगा मानसून, भोपाल पहुंचा ये अनोखा पक्षी

यह पक्षी साउथ अफ्रीका से लगभग 1500 से 2000 किमी लंबी यात्रा कर भारत के कई हिस्सों में आता है।

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Anwar Khan

Jun 14, 2016

Pied crested cuckoo

Pied crested cuckoo

भोपाल। यदि किवदंतियों पर भरोसा करें तो अगले दो दिन बाद भोपाल में मानसून पहुंच जाएगा और झमाझम बारिश होगी। ऐसा इसलिए क्योंकि जो पक्षी मानसून का संदेश लेकर भोपाल पहुंचता है, वो मंगलवार को भोपाल के कलियासोत डैम क्षेत्र में देखा जा चुका है। इसकी तस्वीर एक रहवासी ने खींची है। पक्षी विशेषज्ञ और मौसम विभाग के लोग इस पक्षी के संकेतों को शुभ मान रहे हैं और अच्छी बारिश की संभावना जता रहे हैं। ये पक्षी और कोई नहीं, हर साल मानसून का संदेश लेकर दक्षिण भारत से उत्तर भारतीय राज्यों में जाने वाला चातक है। चातक पक्षी के पास मानसून की सूचना होती है और ये इसी सीजन में दिखाई देते हैं। आइए जानते हैं इस पक्षी की खासियत....


इतना लंबा है इसका अंग्रेजी नाम
चातक पक्षी का अंग्रेजी नाम Jacobin Cuckoo or Pied crested Cuckoo है। यह कोयल परिवार का सदस्य है। पक्षी विज्ञानियों का कहना है यह पक्षी साउथ अफ्रीका से लगभग 1500 से 2000 किमी लंबी यात्रा कर भारत के कई हिस्सों में आता है। इसका आगमन मानसून से पांच-सात दिन पहले होता है। इसीलिए इसे मानसून पक्षी भी कहा जाता है।


Chatak bird

ये किवदंती पुराणों में
कालीदास के मेघदूत सहित कई अन्य काव्य ग्रंथों में चातक का जिक्र किया गया है। जबकि भारतीय पौराणिक मान्यताओं के अनुसार चातक पक्षी मानसून के पहले पानी नहीं पीता और स्वाति नक्षत्र की बारिश की पहली बूंदों से अपनी प्यास बुझाता है। यह पक्षी बरसात में यहीं प्रजनन करता है। मादा चातक अपने अंडे दूसरे पक्षियों के घोसलों में रखती हैं। सितंबर अक्टूबर में ये पक्षी वापस अफ्रीका लौट जाते हैं।


दिन में जोड़े में, रात में अलग
मान्यताओं के अनुसार ये दिन में जोड़े में रहते हंै और रात को अलग-अलग हो जाते हैं। लगभग 15 इंच लंबे इस पक्षी का रंग काला होता है जबकि निचला हिस्सा सफेद होता है। चातक का प्राचीन काल से ही साहित्य में बहुत वर्णन किया गया है।

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