
ELECTION RESULT 2018: कल सभी की निगाहें होंगी मतगणना पर, आज चुनाव आयोग ने किया बड़ा ऐलान
भोपालः मध्य प्रदेश में हुए विधानसभा 230 सीटों पर चुनाव के नतीजे सामने आने में अब कुछ ही घंटे शेष रह गए हैं। एक तरफ जहां जनता में आने वाली सरकार और प्रत्याशी के बारे में जानने की उत्सुक्ता है। वहीं, राजनीतिक दलों में असमंजस का माहौल। हालांकि, कई प्रत्याशी अपनी जीत के जश्न की तैयारी में जुटे हैं, तो किसी खैमे में खामोशी है। शायद वह नतीजे सामने आने का इंतेजार कर रहे हैं। इधर, चुनाव आयोग भी मतगणना से जुड़ी सभी व्यवस्थाओं को लेकर मुस्तैदी से तैयार है। खास बात यह है कि, इस बार प्रदेश में होने वाली मतगणना के हर राउंड के बाद प्रत्याशियों को रिटर्निंग अॉफिसर से प्रमाणपत्र देकर उस राउंड को स्पष्ट कर दिया जाएगा। इस कारण स्थितियां पूरी तरह साफ होने में तय समय से थोड़ी देरी हो सकती है। उम्मीद है कि दोपहर तक प्रदेश की सियासी तस्वीर सामने आ जाएगी।
इन चेहरों की प्रतिष्ठा दाव पर
चुनाव आयोग द्वारा मंगलवार सुबह 8 बजे से मतगणना शुरु कर दी जाएगी। पहले डाकमतपत्रों की गणना होगी, जिसके बाद ईवीएम मशीनों के मतों की गणना की जाएगी। सभी जिलों के लिए मतगणना संबंधित जिला मुख्यालयों पर होगी। इस बार चुनाव में बुधनी विधानसभा क्षेत्र से मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान और पूर्व केंद्रीय मंत्री अरुण यादव, चुरहट से नेता प्रतिपक्ष अजय सिंह, भोजपुर से पूर्व केंद्रीय मंत्री सुरेश पचौरी और मंत्री सुरेंद्र पटवा, खुरई से मंत्री भूपेंद्र सिंह, रहली से गोपाल भार्गव, दमोह से जयंत मलैया, भोपाल दक्षिण-पश्चिम से उमाशंकर गुप्ता, सिलवानी से रामपाल सिंह समेत भारतीय जनता पार्टी से कांग्रेस में गए सरताज सिंह की होशंगाबाद सीट से प्रतिष्ठा दांव पर लगी हुई है।
पूरी तरह तैयार है आयोग
मतगणना के संबंध में राज्य के मुख्य निर्वाचन पदाधिकारी वीएल कांताराव ने मीडिया बातचीत में कहा कि, मंगलवार सुबह आठ बजे से डाकमतपत्रों की गणना होगी। इस कार्य को आधे घंटे में निपटाने का लक्ष्य रखा गया है। इसके बाद साढे आठ बजे से ईवीएम मशीनों में पड़े गए मतों की गणना होगी। उन्होंने बताया कि, प्रदेश के हर विधानसभा क्षेत्र के मतों की गणना के लिए 14 टेबल लगाई जाने की व्यवस्था की गई है।राजधानी भोपाल की सभी विधानसभा सीटों पर मतगणना के संबंध में कलेक्टर एवं जिला निर्वाचन अधिकारी डॉ. सुदाम खाडे ने मतगणना स्थल पुरानी जेल में व्यवस्थाओं की समीक्षा की। इस दौरान उन्होंने आवश्यक निर्देश भी दिए।
यह होगी आर्थिक राजधानी की व्यवस्था
इसके अलावा, इंदौर जिले में मतगणना स्थल में नौ विधानसभा क्षेत्रों के अभ्यर्थियों और अभिकर्ताओ के प्रवेश के लिए जिला प्रशासन द्वारा अलग-अलग रंगों के प्रवेश पत्र जारी किए हैं। इंदौर ज़िले की सभी 9 विधानसभा सीटों तैयारियां पूरी की जा चुकी हैं। यहां मतगणना की निगरानी के लिए 32 वीडियो कैमरे लगाए गए हैं, ज़िले की 9 विधानसभा सीटों की मतगणना के लिए 600 कर्मचारी और प्रत्याशियों के 1580 प्रतिनिधि मौजूद रहेंगे। ट्रैफिक पुलिस भी व्यवस्था संभालेगी।
ऐसा रहा चुनाव
मतगणना के लिए समूचे प्रदेश में मतगणना स्थलों के बाहर सुरक्षा के कड़े इंतजाम किए गए हैं। अनाधिकृत लोगों का मतगणना स्थल पर प्रवेश वर्जित रहेगा। मतगणना स्थलों की ओर का यातायात भी परिवर्तित किया जाएगा। प्रदेश में 28 नवंबर को मतदान के साथ ही सभी प्रत्याशियों का भाग्य ईवीएम में कैद है। प्रदेश में कुल पांच करोड़ चार लाख 95 हजार 251 मतदाता हैं। इस बार दो हजार 899 प्रत्याशी चुनावी मैदान में उतरे थे। राज्य में कुल 75.05 फीसदी मतदान किया था।
इन चीजों को मतगणना स्थल तक ले जाना वर्जित
मतगणना स्थल पर मोबाइल, कैल्कुलेटर, लैपटॉप, कैमरा, बीड़ी-सिगरेट, तंबाकू पर पूरी तरह बैन रहेगा। इसके अलावा खाना-पीना खाद्य सामग्री ले जाने पर भी रोक लगाई गई है। हर विधानसभा के लिए एक उम्मीदवार के 17 प्रतिनिधियों को प्रवेश दिया जाएगा। चुनाव आयोग का इस बार सख्त आदेश है इसलिए अब प्रत्याशी एजेंट के साथ या आरओ के पास एक ही जगह पर बैठेंगे। आमतौर पर प्रत्याशी पहले रिटर्निंग ऑफिसर और एजेंट के बीच जाकर बैठ जाते थे। लेकिन अब यह संभव नहीं होगा।
Published on:
10 Dec 2018 05:19 pm
बड़ी खबरें
View Allभोपाल
मध्य प्रदेश न्यूज़
ट्रेंडिंग
