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सीएम बोले- पुलिस के मित्रों ने कोविड में जान हथेली पर रख जनता की सुरक्षा की

दो दिनी आइपीएस सर्विस मीट का शुभारंभ

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दो दिनी आइपीएस सर्विस मीट का शुभारंभ

दो दिनी आइपीएस सर्विस मीट का शुभारंभ

भोपाल. सीएम शिवराज सिंह ने कहा कि पुलिस वालों के सीने पर जब मैं मेडल लगाता हूं, तो मेरा सीना गर्व से चौड़ा हो जाता है। किसी ने कल्पना भी नहीं की थी कि हम माफिया से 23 हजार एकड़ जमीन छुड़ा लेंगे, लेकिन यह संभव हुआ। कानून व्यवस्था बेहतर है। बुलडोजर केवल नाटक नहीं है। अपराधी कांपते हैं। कई अपराधी तो यह कहते हुए पहुंचने लगे हैं कि हम आ गए हैं, मकान मत तोडऩा। दो दिनी आइपीएस सर्विस मीट के शुभारंभ पर सीएम ने यह बात कही। इस मौके पर गृह मंत्री डॉ. नरोत्तम मिश्रा, डीजीपी सुधीर कुमार सक्सेना, आइपीएस एसोसिएशन के अध्यक्ष विपिन माहेश्वरी विशेष रूप से उपस्थित थे।
जनसेवा भाव चरित्रार्थ
मुख्यमंत्री ने कहा कि मप्र पुलिस के मित्रों ने कोविड के दौरान जान हथेली पर रख जनता की सुरक्षा की। यह मप्र पुलिस का उजला पक्ष है और इस पर मैं गर्व करता हूं। मैंने वो दिन भी देखे हैं, जब सिंहस्थ के समय एक अम्मा रेलवे प्लेटफॉर्म पर चढ़ नहीं पा रही थीं, तो एक जवान ने उन्हें उठाया और सीढिय़ों पर चढ़ाया। सिंहस्थ के समय भी जिस तरह कर्तव्य का आप सभी ने पालन किया, वो गर्व से भर देता है।
ठान लें तो अपराधी टिक नहीं सकते
सीएम ने कहा, जब हमारी सरकार बनी थी, तब स्थिति यह थी कि सामूहिक हत्याकांड हो जाते थे। हमने सीधी बात की थी कि डकैत कैसे खत्म करें। तब जवाब आया था कि जो काम हम करें, उस में हस्तक्षेप न हो। छह महीने के अंदर सारे बड़े गिरोह खत्म कर दिए गए। पुलिस, हॉक फोर्स ने एक साल में 6 बड़े नक्सली मारे।

पारिवारिक दायित्व से मुंह न मोड़ें
सीएम ने कहा, पुलिस अधिकारी व्यस्तता के कारण पारिवारिक दायित्व से मुंह न मोड़ें। बच्चों का एकाकी जीवन उन्हें नकारात्मक रूप से प्रभावित करता है। जीवनसाथी, बच्चों के प्रति स्नेह, अपनत्व का व्यवहार रखते हुए खुशहाली की ओर सचेत रहना देश भक्ति, जन सेवा जैसा ही जरूरी है।
नरोत्तम ने बताया सिंघम अवतार
गृहमंत्री नरोत्तम मिश्रा ने कहा मप्र में जब डकैतों का आतंक था, तब लगभग सिंघम जैसा अवतार सीएम शिवराज का हुआ। आपको अचंभा होगा कि प्रदेश में अब एक भी संगठित गिरोह नहीं है। कोरोना काल, सिंहस्थ में पुलिस की सेवा ने समाज में पुलिस की छवि को बदला है।