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दिग्विजय बोले, न्यायपालिका संविधान की रक्षा कर पाएंगे या नहीं, सबसे बड़ी चुनौती है

सहायक निदेशक, उच्च शिक्षा ब्रह्मदीप अलुने की ‘गांधी है तो भारत है’, पुस्तक के विमोचन में बोले पूर्व मुख्यमंत्री  
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भोपाल

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Radheshyam Dangi

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Updated: 26 Jan 2020, 7:17 AM IST

Digvijay Singh

digvijay singh

भोपाल. पूर्व मुख्यमंत्री दिग्विजय सिंह ने कहा है कि सीएए-एनआरसी और एनपीआर के खिलाफ खड़ा हुआ आंदोलन न्यायपालिका के लिए एक बड़ी चुनौती बन गया है। न्यायपालिका भारत के संविधान की रक्षा कर पाएंगे या नहीं यह इस आंदोलन से तय होगा। उन्होंने कहा कि यह आंदोलन अब राजनीतिज्ञों, नेताओं, पार्टियों के हाथों से निकल चुका है। अब यह आंदोलन मर्दो/पुरुषों के हाथों से भी निकल चुका है।

अब यह आंदोलन देश के बच्चों-महिलाओं के हाथों में चला गया है। उन्होंने यह बात शनिवार को गांधी भवन में उच्च शिक्षा विभाग (राज्य समन्वयक व्यक्तित्व विकास प्रकोष्ठ) के सहायक निदेशक ब्रह्मदीप अलुने द्वारा लिखित गांधी है तो भारत है नामक पुस्तक के विमोचन के दौरान कही। उन्होंने कहा कि जब तक देश में गांधी है तब तक समाज में कटुता नही लाई जा सकती। उन्होंने सीताराम केसरी से जुड़ी एक बात मंच से साझा की और कहा कि केसरी जब 18-19 साल के थे, तब गुरु गोलवलकर जी उनसे मिले थे।

तब गुरु गोलवलकरजी ने केसरी जी को कहा था कि जब तक गांधी जिंदा है तब तक हमारी विचारधारा को समाज में स्वीकारा नही जायेगा और यह बात साबित हो गई। इसलिए आज लोग सडक़ों पर उतर चुके हैं, देश में नफरत फैल रही, अविशवास बड़ता जा रहा है। 1947 जैसी कटूता फैल गई। 1947 में लगी आग बुझाने‌ के लिए पानी डाला तो वह गांधी थे। गांधी ने सामाजिक समरसता के लिए क्या नहीं किया, लेकिन पनप रहे इस अविश्वास को रोकने के लिये आज हमारे पास कोई गांधी नही है।‌


मंत्री से कहा, शिक्षकों को भी शिक्षित करें और युवकों को भी

दिग्विजय ने गांधी है तो भारत है किताब का हवाला देते हुए जन संपर्क मंत्री पीसी शर्मा को कहा कि सरकार यह किताब खरीदें। इसे स्कूल-कॉलेजों में पढ़ाई जाए। आज के शिक्षक गांधी को लेकर भ्रमित है। युवा भ्रमित है। शिक्षकों को भी शिक्षित करना होगा और युवाओं को भी शिक्षित करना होगा। हमारे सामने चुनौती है कि हमें युवाओं को व्हाटसप यूनिवर्सिटी के तीन सेकेंड की चेतना को रोकना होगा। युवाओं को गांधी पढ़ाना होगा। व्हाट्सएप पर फैलाई जा रही भ्रांतियों और झूठ से लडऩे के लिए किताबे पढ़ाना होगा।

बैरसिया में कार्यकर्ता सम्मेलन

पूर्व मुख्यमंत्री दिग्विजय सिंह शनिवार को बैरसिया विधानसभा क्षेत्र के कांग्रेस कार्यकर्ताओं से संवाद करने पहुंचे। उन्होंने यहां कार्यकर्ता सम्मेलन में कहा कि 25 से 40 साल के कांग्रेस कार्यकर्ताओं को ट्रेनिंग दी जाए। उन्हें बूथ लेवल पर मजबूत किया जाए, वही ग्राम पंचायतों को पावरफुल बनाया जाएगा।

सम्मेलन में पूर्व सांसद सुरेंद्र सिंह ठाकुर ने बताया कि आज भी बैरसिया में बीजेपी विचारधारा के अधिकारी काम कर रहे है। जिस पर दिग्विजय सिंह ने कहा कि उसकी दवा दिग्गी के पास है, जो कर्मचारी कांग्रेस कार्यकर्ताओ को नजर अंदाज करेगा उसे हम नजर अंदाज कर देंगे। वहीं महिला सशक्तिकरण सम्मेलन में उन्होंने कहा कि आजीविका मिशन के जरिए स्वसहायता समूहों को रोजगार मुहैया करवाया जाएगा। छोटे छोटे रोजगारों से जोडा जाएगा।