21 जून 2026,

रविवार

Patrika Logo
home_icon

मेरी खबर

video_icon

शॉर्ट्स

epaper_icon

ई-पेपर

अयोध्या मामले पर दिग्विजय ने उठाया नया सवाल, 27 साल में नहीं मिली बाबरी मस्जिद तोडऩे वालों को सजा

- अयोध्या पर बयानबाजी

less than 1 minute read
Google source verification

भोपाल

image

Arun Tiwari

Nov 11, 2019

hindi news

hindi news

भोपाल : पूर्व मुख्यमंत्री दिग्विजय सिंह ने अयोध्या मामले के फैसले पर सम्मान और आभार जताया है लेकिन उन्होंने एक सवाल भी खड़ा कर दिया। दिग्विजय सिंह ने ट्वीट कर कहा कि राम जन्म भूमि के निर्णय का सभी ने सम्मान किया हम आभारी हैं। कॉंग्रेस ने हमेशा से यही कहा था हर विवाद का हल संविधान द्वारा स्थापित क़ानून व नियमों के दायरे में ही खोजना चाहिये। विध्वंस और हिंसा का रास्ता किसी के हित में नहीं है।

इस ट्वीट के बाद दिग्विजय ने एक और ट्वीट किया जिसमें उन्होंने नया सवाल खड़ा कर दिया। उन्होंने लिखा कि माननीय उच्चतम न्यायालय ने राम जन्म भूमि फ़ैसले में बाबरी मस्जिद को तोडऩे के कृत्य को ग़ैर क़ानूनी अपराध माना है। क्या दोषियों को सज़ा मिल पायेगी। देखते हैं। 27 साल हो गये। आयोध्या मामले में कांग्रेस की राष्ट्रीय कार्यसमिति ने एक बयान जारी किया था और ये भी हिदायत दी थी कि यही पार्टी लाइन है,कोई इससे अलग बयान नहीं देगा।

मंत्रियों ने किया दिग्विजय के बयान का समर्थन :

दिग्विजय सिंह के इस बयान के समर्थन में प्रदेश के सहकारिता मंत्री डॉ गोविंद सिंह भी उतर आए हंै। गोविंद सिंह ने मीडिया से कहा कि मैं भी उन लोगों की सजा की मांग करता हंू जिन्होंने संविधान से अलग हटकर काम किया है। बाबरी मस्जिद तोडऩा आपराधिक कृत्य है। नियम और कानून सबके लिए बराबर हैं। वहीं प्रदेश मे शांति व्यवस्था बनाए रखने के लिए जनसंपर्क मंत्री पीसी शर्मा ने सभी धर्म के लोगों का आभार जताया। उन्होंने कहा कि सीएम की अपील का सभी धर्म के लोगों ने पालन किया। सीएम भी अपने सभी दौरे रद्द कर भोपाल से ही सुरक्षा व्यवस्था की पूरी जानकारी ले रहे हैं।