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अब विदेश जाने के लिए होने वाली परीक्षा का पर्चा लीक

- कोरियर वालों ने एक लाख में बेच दिया परीक्षा का पेपर- कनाडा, ऑस्ट्रेलिया और यूके जाने वाले छात्रों व अप्रवासियों के लिए होती है आइईएलटीएस परीक्षा - कोहेफिजा पुलिस ने किया दो को किया गिरफ्तार

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भोपाल। माध्यमिक शिक्षा मंडल की बोर्ड परीक्षाएं भले ही खत्म हो गई हों, लेकिन पेपर लीक का सिलसिला अभी भी जारी है। मंगलवार को एक नया खुलासा हुआ, जिसमें विदेश जाने के लिए होने वाली परीक्षा का पेपर लीक होने का मामला सामने आया है। इसमें कोरियर वालों ने दलाल को ही एक लाख में पर्चा बेच दिया। इसके बाद दलाल ने इसे कितनों को बेचा, इसकी जांच की जा रही है।

11 फरवरी को हुई थी परीक्षा
इंटरनेशनल इंग्लिश लैंग्वेज टेस्टिंग सिस्टम (आइईएलटीएस) परीक्षा 11 फरवरी को थी। कोरियर कंपनी ने इसी दिन सुबह 10.30 बजे पेपर से भेर बैग को आइएसबीटी स्थित एक होटल में ठहरे परीक्षा प्रभारी को दिया। इसी दिन ब्लू डार्ट दिल्ली कार्यालय से सूचना मिली कि परीक्षा के पेपर बैग के साथ छेड़छाड़ की गई है।

जांच के लिए 17 मार्च को दिल्ली से टीम पहुंची। कर्मचारी कपिल से पूछताछ की। उसने खुलासा किया कि वह पेपर लीक में शामिल था। गाड़ी मालिक शफी 3 महीने पहले से एक बाहरी व्यक्ति (दीपक) के साथ मिलकर इस साजिश में जुटा था। 9 फरवरी को उसे इसके लिए एक लाख रुपए मिले थे।

केंद्रीय परीक्षा एजेंसी ने इस मामले की शिकायत कोरियर कंपनी से की। इसके बाद मामला पुलिस तक पहुंचा। कोहेफिजा पुलिस ने कंपनी के दो कर्मचारी मोहम्मद शेख शफी एवं कपिल को हिरासत में लेकर सख्ती से पूछताछ की तो उन्होंने एक लाख के बदले दीपक नाम के दलाल को पेपर का फोटो खींचने देने की बात कबूल की। पुलिस ने दोनों कर्मचारियों को गिरफ्तार कर लिया है। उनसे अन्य लोगों के बारे में पूछताछ की जा रही है।

वीजा लेने के लिए जरूरी
आइईएलटीएस परीक्षा कनाडा, ऑस्ट्रेलिया, यूके जाने वाले छात्रों व अप्रवासियों के लिए होती है। यह परीक्षा अंग्रेजी भाषा के परीक्षण के लिए होती है। इन देशों का वीजा लेने के लिए यह परीक्षा उत्तीर्ण करना अनिवार्य है।

ये है पूरा मामला
पुलिस के मुताबिक, अशोका गार्डन निवासी सुनील कुमार सक्सेना (46) ब्लू डार्ट कंपनी में ऑपरेशन इंचार्ज हैं। उन्होंने पुलिस को बताया कि कंपनी ने 8 फरवरी को गुडग़ांव से पेपर भेजा था। कोरियर 9 फरवरी की सुबह भोपाल पहुंचा। यहां शेख शफी और कपिल ने पेपर दीपक को सौंप दिया।

इधर , एमपी बोर्ड पेपर लीक मामले में खंडवा से युवक गिरफ्तार
बोर्ड परीक्षाओं के पेपर लीक मामले में क्राइम ब्रांच ने एक और गिरफ्तारी की है। टेलीग्राम पर 10वीं-12वीं कक्षा के अलग-अलग विषय के पेपर लीक करने के आरोप में खंडवा के पंधाना क्षेत्र से कमलेश गुर्जर को गिरफ्तार किया गया है। अभी तक इस मामले में मंडीदीप से कौशिक दुबे तो रीवा से बृजेश पटेल को गिरफ्तार किया जा चुका है।

बता दें कि आरोपियों ने टेलीग्राम पर चैनल बनाकर सरकार को चुनौती दी थी कि रोक सको तो रोक लो। इसके बाद आरोपी लगातार परीक्षा से थोड़ी देर पहले प्रश्न पत्र ऑनलाइन टेलीग्राम चैनल पर लीक कर रहे थे। इन प्रश्नपत्र को प्राप्त करने के लिए चैनल पर सूचना का प्रसारण किया जाता था। इसके बाद विद्यार्थियों के ऑनलाइन पेमेंट का स्क्रीनशॉट शेयर करने पर उनके नंबर पर प्रश्न पत्र का स्क्रीनशॉट भेज दिया जाता था।

सामूहिक नकल प्रकरण में चार शिक्षक निलंबित
बैतूल. परीक्षा में सामूहिक नकल के मामले में चार शिक्षकों को निलंबित किया गया है। बता दें कि इस मामले में एक भृत्य, एक अतिथि शिक्षक को बर्खास्त किया था और एक भृत्य सहित 16 शिक्षकों को निलंबित किया था। चार शिक्षकों पर निलंबन कार्रवाई के प्रस्ताव भेजे थे। 6 मार्च को प्रभुढाना स्कूल में निरीक्षण के दौरान 4 शिक्षकों को नकल कराते पाया गया था। कलेक्टर ने एनडी ब्राम्हणे, अजय सिंह सरियाम, प्रियंका पालीवाल और परिना चौधरी को निलंबित कर दिया है।

पेपर लीक मामला: दो की एक दिन की रिमांड मिली
दमोह. तेंदूखेड़ा क्षेत्र के सैलवाड़ा परीक्षा केंद्र से लीक हुए दसवीं के विज्ञान के पेपर मामले में पुलिस ने चार आरोपियों को गिरफ्तार किया है। मंगलवार को उन्हें कोर्ट में पेश किया गया, जहां से पुरषोत्तम कुर्मी व छोटू रजक को जेल भेज दिया गया है, जबकि केंद्राध्यक्ष रहे फागूलाल पटेल और शिक्षक रामप्रसाद गोंटिया को एक दिन की रिमांड पर भेजा है। छोटू रजक ने पुलिस को बताया है कि उसने सीएम राइज प्राचार्य केएल चौकसे, एक निजी स्कूल के कर्मचारी सुदीप उर्फ भानू, अतिथि शिक्षक नूतन उर्फ पूनम सिंह, शिक्षक रामप्रसाद गोंटिया, सैलवाड़ा स्कूल के पर्यवेक्षक गुड्डा पाल को पेपर वाट्सएप पर भेजी थी। साथ ही पूरा अपराध केंद्राध्यक्ष के कहने पर करने की बात कही है। इसके बाद फागूलाल पटेल को निलंबित कर दिया गया।