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केंद्रीय गृहमंत्री अमित शाह एक बार फिर शनिवार को मध्यप्रदेश आ रहे हैं। पिछले 15 दिनों में यह उनका तीसरा मध्यप्रदेश दौरा है। लगातार मिशन इलेक्शन में लगे अमित शाह इस दौरे में भी दिग्गज नेताओं के साथ बैठकें करेंगे। इस बार वे भोपाल के साथ ही इंदौर भी जाएंगे, जहां से वे जानापाव स्थित परशुराम की जन्म स्थली भी जाएंगे।
गृहमंत्री अमित शाह शनिवार को भोपाल आएंगे और दिग्गज नेताओं के साथ बैठकों में भाग लेंगे। दूसरे दिन अमित शाह इंदौर जाएंगे, जहां से उनके जानापाव जाने का कार्यक्रम है। जानापाव में भगवान परशुराम की जन्म स्थली भी है। अमित शाह के एमपी दौरे में उनके साथ मध्यप्रदेश के मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान सहित प्रदेश स्तर के बड़े नेता भी मौजूद रहेंगे। इंदौर में भी वे सिलेक्टेट कार्यकर्ताओं से ही मुलाकात करेंगे।
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सुबह 9 बजे से बंद रहेगा यातायात
इधर, महू तहसील के जानापाव में रविवार को सुबह 9 से 1 बजे के बीच यातायात बंद कर दिया जाएगा। इंदौर में कार्यक्रम से पहले अमित शाह हेलीकाप्टर से नेटरेक्स पहुंचेंगे। इसके बाद सड़क मार्ग से जानापाव जाने का कार्यक्रम है। अमित शाह जानापाव पहाड़ी पर स्थित परशुराम की जन्म स्थली पर पूजा-अर्चना करेंगे। यहीं से चंबल सहित साढ़े सात नदियों का उद्गम स्थल माना गया है। अमित शाह के दौरे को लेकर स्थानीय प्रशासन एक्टिव हो गया है। इंदौर आइजी (ग्रामीण) राकेश गुप्ता, डीआइजी चंद्रशेखर सोलंकी, एसपी (ग्रामीण) हितिका वासल और मानपुर टीआई अमित कुमार आदि ने क्षेत्र का दौरा किया।
महाकाल लोक की तर्ज पर बनेगा परशुराम लोक
इससे पहले 31 मार्च को मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान ने जानापाव में बनने वाले परशुराम लोक के लिए भूमिपूजन किया था। यहां नर्मदा जल लाने और रोपवे लगाने की भी घोषणा हो चुकी है। परशुराम लोक महाकाल लोक की तर्ज पर सर्वसुविधाओं वाला तीर्थ स्थल बनाया जा रहा है।
यहीं से निकली है चंबल नदी
0-जानापाव पहाड़ी से साढ़े सात नदियां निकली हैं। इनमें कुछ यमुना व कुछ नर्मदा में मिलती हैं। यहां से चंबल, गंभीर, सुमरिया और अंगरेड़ नदियां और बिरम, चोरल, कारम और नेकेड़ेश्वरी नदियां भी निकली हैं। यह नदियां करीब 740 किमी बहकर अंत में यमुनाजी में और तीन नदियां नर्मदा में मिल जाती हैं।
प्रचलित हैं यह कथाएं
- परशुरामजी के पिता भृगुवंशी ऋषि जमदग्रि और माता राजा प्रसेनजीत की पुत्री रेणुका थीं। ऋषि जमदग्रि तपस्वी थे। ऋषि जमदग्रि और रेणुका के पांच पुत्र रुक्मवान, सुखेण, वसु, विश्ववानस और परशुराम हुए। एक बार रेणुका स्नान के लिए नदी किनारे गईं। संयोग से वहीं पर राजा चित्ररथ भी स्नान करने आया था। राजा को देख रेणुका उस पर मोहित हो गईं। ऋषि ने योगबल से पत्नी के इस आचरण को जान लिया। उन्होंने अपने पुत्रों को मां का सिर काटने का आदेश दिया। किंतु परशुराम के अलावा सभी ने ऐसा करने से मना कर दिया। परशुराम ने पिता के आदेश पर मां का सिर काट दिया। क्रोधित पिता ने आज्ञा का पालन न करने पर अन्य पुत्रों को चेतना शून्य होने का श्राप दिया, जबकि परशुराम को वर मांगने को कहा। तब परशुराम ने तीन वरदान मांगे...
- पहला, माता को फिर से जीवन देने और माता को मृत्यु की पूरी घटना याद न रहने का वर मांगा।
- दूसरा, अपने चारों चेतना शून्य भाइयों की चेतना फिर से लौटाने का वरदान मांगा।
- तीसरा, वरदान स्वयं के लिए मांगा, जिसके अनुसार उनकी किसी भी शत्रु से या युद्ध में पराजय न हो और उनको लंबी आयु प्राप्त हो।
- पिता जमदग्रि अपने पुत्र परशुराम के ऐसे वरदानों को सुनकर गदगद हो गए और उनकी कामना पूर्ण होने का आशीर्वाद दिया।
भोपाल में करेंगे प्रेस कांफ्रेंस
शनिवार 29 जुलाई को भोपाल आ रहे अमित शाह दोपहर 12 बजे एक प्रेस कांफ्रेंस भी करेंगे। माना जा रहा है कि वे इस प्रेस कांफ्रेंस में चुनावी रणनीति को लेकर कई ऐलान कर सकते हैं।
Published on:
28 Jul 2023 05:39 pm

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