भोपाल। किन्नर समाज, जिसे समाज के रूप में कभी देखा ही नहीं। उन्हें लोग अपना हिस्सा मानने से कतराते थे। पर जब शबनम मौसी ने पहली बार अपनी आवाज सबके सामने बुलंद की तो लोगों के मुंह बंद हो गए। समाज का हर वर्ग, नेता, मंत्री और अभिनेता.. शबनम मौसी का कायल हो गया। लेकिन इतिहास गवाह है कि जब किसी किन्नर ने गुस्से में आकर श्राप दिया है तो उस श्राप ने असर दिखाया है। यही असर फिलहाल बिहार राजनीति के कर्ताधर्ता लालू प्रसाद यादव एवं परिवार पर दिख रहा है।
मेरे श्राप का असर
सुहागपुर से विधायक रह चुकीं शबनम मौसी ने हाल ही में मीडिया में एक बयान दिया है, जिसके बाद मप्र से लेकर बिहार तक की राजनीति गर्मा गई है। मौसी ने कहा कि लालू प्रसाद यादव और उनके परिवार के साथ आज जो हो रहा है, वो सही हो रहा है ,गलत नहीं हो रहा है। लालू ने और उनके परिवार ने पद का बहुत दुरुपयोग किया है और यह मेरा ही श्राप था जो आज असर दिखा रहा है। उन्होंने कहा कि लालू यादव और राबड़ी का करियर खत्म हो चुका है और बिहार की राजनीति में उनके दोनों बेटे भी हांसिए पर आ खड़े हुए हैं। चूंकि लालू यादव जब मुख्यमंत्री थे तब उन्होंने जनता के पैसों का खूब र्दुपयोग किया है। अपने पद का गलत फायदा उठाकर बुरे लोगों को लाभ पहुंचाया है। आज भगवान उन्हें उनके कर्मों की सजा दे रहा है।
इसलिए खफा हैं मौसी
उन्होनें बताया कि लालू यादव ने अपनी पार्टी से वर्ष 2003 में सोहागपुर विधानसभा क्षेत्र से टिकट दिया था। इसके बाद भी राजद के अध्यक्ष लालू यादव मेरा प्रचार करने नहीं आए, इससे स्थानीय लोग नाराज हो गए थे। किन्नर शबनम मौसी ने कहा कि पूरे चुनाव में लालू यादव ने कोई सहायता नहीं की, उनकी पार्टी के कार्यकतार्ओं ने भी कोई मदद नहीं की थी। बाद में में दिल्ली में लालू यादव के निवास गई और उनके पीए के सामने लालू और उनके परिवार का सर्वनाश हो जाने का श्राप दिया था।
इन मामलों में फंसे हैं लालू यादव
होटल आवंटन में गड़बड़ी का आरोपलालू प्रसाद यादव के पटना और दिल्ली सहित 12 ठिकानों पर सीबीआई की छापेमारी की है। लालू यादव पर साल 2006 में केंद्रीय रेल मंत्री रहते हुए होटल आवंटन में गड़बड़ी का आरोप लगा है। इस मामले में सीबीआई ने लालू यादव, पत्नी राबड़ी देवी और बेटे तेजस्वी के खिलाफ केस दर्ज किया है। इसके अलावा लालू के सहयोगी प्रेमचंद गुप्ता की पत्नी सरला गुप्ता, विजय कोचर, विनय कोचर, पटना में सुजाता होटल्स के दोनों डॉयरेक्टर, डिलाईट मार्केटिंग कंपनी प्राइवेट लिमिटेड (लारा प्रोजेक्टस) और आईआरसीटीसी के पूर्व एमडी सहित कई लोगों के ऊपर सीबीआई ने एफआईआर दर्ज की है।
दान में जमीन मिलने का आरोप
सुशील मोदी ने खुलासा किया कि बीजेपी सांसद रमा देवी ने लालू प्रसाद यादव के बेटे तेज प्रताप को लगभग 13 एकड़ जमीन दान में दी। जिस वक्त ये दान दिया गया उस वक्त तेज प्रताप की उम्र महज 3 साल 8 महीने थी।
चारा घोटाले का आरोप
900 करोड़ रुपये का चारा घोटाला 1990 के दशक में सामने आया था। चारा घोटाले में लालू के खिलाफ कुल पांच केस चल रहे हैं, जिसमें करीब दो सौ करोड़ के घोटाले का आरोप लालू पर है।
एक मामले में लालू यादव को जेल की सजा भी हो चुकी है। चारा घोटाले में ही लालू को 1997 में बिहार का सीएम पद छोडऩा पड़ा था।
1000 करोड़ की बेनामी समपत्ति का आरोप
एक हजार करोड़ की बेनामी समपत्ति के मामले में 16 मई को आयकर विभाग ने लालू के 22 ठिकानों की छापेमारी की थी। लालू परिवार पर मिट्टी घोटाला, पेट्रोल पंप घोटाला, काम के बदले जमीन कब्जा करना, अरबों की बेनामी संपत्ति बनाने जैसे घोटाले का आरोप लगा है।
18 फ्लैट्स की मालकिन
बीजेपी के नेता सुशील मोदी ने लालू की पत्नी राबड़ी देवी पर आरोप लगाया था कि वह 18 फ्लैट्स की मालकिन हैं। ये 18 फ्लैट कुल 18,652 स्क्वायर फीट के हैं और प्रति फ्लैट की कीमत 20 लाख रुपए है।
मिट्टी घोटाले का आरोप
आरोप है कि तेज प्रताप यादव ने अपनी ही जमीन की मिट्टी पटना चिडिय़ा घर को नब्बे लाख रुपये में बेच दी थी। पटना चिडिय़ा घर वन विभाग के अंदर आता है जिसके मंत्री तेज प्रताप यादव हैं।
करोड़ों रुपए के घोटाले का आरोप
मीसा भारती और उनके पति शैलेश पर आरोप है कि शैल कंपनियों के जरिए आने वाले पैसों से उन्होंने दिल्ली में फॉर्म हाऊस खरीदे साथ ही एक अन्य कंपनी केएचके के भी शेयर खऱीदे जिससे उनके पास एक और फॉर्म हाऊस आ गया।