
hi tech MP Police (फोटो सोर्स: पत्रिका)
MP Police: प्रदेश की पुलिस अब चांदमारी (फायरिंग रेंज) में हथियार चलाने का अभ्यास नहीं करेगी। वे एसी और साउंड प्रूफ कंटेनरों में निशाना साधेगी।
इस कंटेनर में लगे मॉडर्न सिस्टम उनके निशाने की निगरानी करेंगे। यह भी बताएगा कि उनके अभ्यास में कितना सुधार हुआ है। खास यह है कि इसमें अभ्यास करने से फायरिंग रेंज की तरह आसपास के लोगों की सुरक्षा भी बनी रहेगी। अभी फायरिंग रेंज के आसपास लोगों के जाने से हादसे की आशंका रहती है।
बढ़ते शहरीकरण और आबादी के बीच पुलिस को फायरिंग रेंज बनाने के लिए काफी मुश्किलों का सामना करना पड़ रहा है। इसलिए हाईटेक पोर्टेबल फायरिंग कंटेनर के इस्तेमाल की योजना बनाई है। इसके लिए दो जुलाई को कंटेनर बनाने वाली कंपनी ने विभाग में प्रजेंटेशन दिया। अब कुछ शहरेां में इसे पायलट प्रोजेक्ट के रूप में इस्तेमाल किया जाएगा।
फायरिंग रेंज में बारिश में दिक्कत होती है। साल में चार माह अभ्यास लगभग बंद करना पड़ रहा है।
अब पोर्टेबल फायरिंग कंटेनर के आने से पूरे साल जवान फायरिंग का अभ्यास कर सकेंगे।
जरूरत के अनुसार कंटेनर एक से दूसरे स्थान तक ले जा सकेंगे।
वर्तमान समय में इसकी काफी जरूरत महसूस हो रही है। चूंकि चारों ओर अब घनी बस्तियां हो गई हैं। इसलिए फायरिंग रेंज के लिए जगह मिलना मुश्किल हो गया है। खास यह है कि कंटेनर में सभी हाईटेक तकनीक इस्तेमाल हो रही है। सीआइएसएफ बॉम्बे, दिल्ली एयरपोर्ट में ऐसे कंटेनर में जवान प्रैक्टिस करते हैं।
- राजाबाबू सिंह, एडीजी, प्रशिक्षण
Updated on:
09 Jul 2025 09:12 am
Published on:
09 Jul 2025 09:12 am
