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रवीन्द्र भवन : कथक और भरतनाट्यम में दिखी देशभक्ति और देश की संस्कृति

वेस्टर्न और क्लासिकल डांस के साथ नृत्य नाटिका की प्रस्तुति

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भोपाल। रवीन्द्र भवन में नुपूर फाइन आट्र्स समिति ने शुक्रवार को सांस्कृतिक संध्या का आयोजन किया गया। कार्यक्रम में पचास से ज्यादा बच्चों ने भरतनाट्यम, कथक के साथ वेस्टर्न डांस की प्रस्तुति दी। इस दौरान देशभक्ति सॉन्ग्स के फ्यूजन ने बच्चों दर्शकों का मन मोह लिया। प्रस्तुति में 8 साल की सौम्या ने पांच साल की बहन श्रृव्या गुप्ता के साथ नृत्य किया।

देशभक्ति के साथ ही देश के नौ राज्यों की संस्कृति की झलक भी नृत्य में देखने को मिली। कार्यक्रम का आयोजन नृत्य गुरु सरजू मोहन की स्मृति में किया गया था। कार्यक्रम की शुरुआत रघुपति राघव राजाराम पर कथक व भरतनाट्यम की प्रस्तुति से हुई। प्रस्तुति के दौरान बेटी बचाओ, बेटी पढ़ाओ, जल है तो कल है, स्वच्छता से जुड़े संदेश दिए गए। साथ ही दीपाली सोनी ने काहे छेड़-छेड़ मोहे... पर ठुमरी में कथक को पेश किया। अगली कड़ी में राजस्थानी ‘घूमर’पर ‘क्हारी घूमर छे नखरली’की प्रस्तुति दी गई।

साथ ही नन्हें कलाकारों ने प्यारे-प्यारे डैडी, प्यारी-प्यारी मम्मी... गाने पर वेस्टर्न डांस परफॉर्मेंस दी। कार्यक्रम में फ्रेंडशिप एक्ट में दोस्ती के महत्व को दिखाया गया। इसी के साथ कंटेम्परेरी में नृत्य नाटिका की प्रस्तुति दी गई, जिसमें वुमन एम्पॉवरमेंट, चाइल्ड लेवर जैसी कई दृश्यों को नृत्य के माध्यम से दिखाया गया। लोक नृत्य ब्रज की होली भी देखने को मिली।

फिल्म ‘अॅवर टेरिटोरियल आर्मी’का प्रदर्शन

भोपाल द्य देश की प्रथम सुरक्षा पंक्ति भारतीय सेना तो है ही लेकिन द्वितीय रक्षा पंक्ति के रूप में प्रादेशिक सेना यानि टेरीटोरियल आर्मी भी तैयार की जाती है। जिसका का उपयोग आवश्यकता पडऩे पर युद्धकाल अथवा आपातकाल के दौरान सैनिकों के सहायक के रूप में किया जाता है।

इसी को दिखाती सैन्य फिल्म ‘अॅवर टेरिटोरियल आर्मी’का प्रदर्शन शुक्रवार को शौय स्मारक में हुआ। इसी के साथ कंटेम्परेरी में नृत्य नाटिका की प्रस्तुति दी गई, जिसमें वुमन एम्पॉवरमेंट, चाइल्ड लेवर जैसी कई दृश्यों को नृत्य के माध्यम से दिखाया गया। लोक नृत्य ब्रज की होली भी देखने को मिली।