
भोपाल. प्रदेश में कोरोना संक्रमण की दूसरी लहर तेज है। स्वास्थ्य सेवाओं की बदहाली के बीच ऑक्सीजन की कमी ने कांग्रेस की राजनीति को ऑक्सीजन दे दी है। भाजपा के अंदर से भी सरकार विरोधी सुर उठ रहे हैं। इनमें सबसे बड़ा नाम विधायक अजय विश्नोई का आता है। सरकार ऑक्सीजन और रेमडेसिविर के इंतजाम में है तो नेताओं को व्यक्तिगत संपर्कों के जरिए ऑक्सीजन और इंजेक्शन का इंतजाम करना पड़ रहा है। नेताओं में संपर्क संपन्न दिखाने की होड़ भी है।
प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष कमलनाथ के निशाने पर मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान हैं। उन्होंने पिछले आठ दिनों में ऑक्सीजन की कमी को लेकर 23 ट्वीट किए हैं। अपने कार्यकर्ताओं को व्यवस्थाओं के लिए मैदान में उतार दिया है। कमलनाथ, सांसद विवेक तन्खा, सांसद नकुल नाथ और विधायक प्रवीण पाठक अपने दम पर ऑक्सीजन का इंतजाम कर अस्पतालों को भेज रहे हैं।
कमलनाथ ने गुरुवार को फिर दो ट्वीट किए। कहा कि शिवराज जी, हमारे ग्वालियर के विधायक प्रवीण पाठक ने ओडिशा में पांच टैंकर ऑक्सीजन की व्यवस्था की है। आप से आग्रह है कि अति शीघ्र परिवहन की व्यवस्था के लिए संबंधित को आदेशित करें, ताकि ऑक्सीजन के संकट से जूझ रहे ग्वालियर में पीड़ितों की मदद हो सके।
दूसरे ट्वीट में कहा कि पहले से ही कोरोना की व महंगाई की मार झेल रही मप्र की जनता को शिवराज सरकार का एक और तोहफा। यात्री बस के किराये में 25 फीसदी से लेकर 75 फीसदी तक की वृद्धि की गई है। समय राहत प्रदान करने का है, लेकिन सरकार जनता पर और बोझ डाल रही है। जनहित में व वर्तमान परिस्थितियों को देखते हुए सरकार इस निर्णय पर पुनर्विचार करे। सांसद दिग्विजय सिंह, विधायक जीतू पटवारी और विधायक सज्जन सिंह वर्मा भी सरकार को निशाने पर लिए हुए हैं।
अपनों ने भी साधा निशाना
भाजपा विधायक अजय विश्नोई विश्नोई भी सिस्टम को निशाने पर लिए हुए हैं। जबलपुर में ऑक्सीजन की कमी हुई तो मुख्यमंत्री से आग्रह किया कि वे इस महामारी से निपटने सेना की मदद लें। भाजपा नेता और कवि सत्यनारायण सत्तन ने भी कविता के जरिए सरकार पर तंज कस दिया। कहा कि कोरोना से पीड़ित जनता मर रही है, आपने बंगाल में प्रभु रैलियां सजाई हैं।
सियासत का मैदान, ट्विटर पर घमासान
सियासत का मैदान इन दिनों ट्विटर बना हुआ है। एक-दूसरे के खिलाफ सियासी तीर चल रहे हैं। विपक्षी हमले का जवाब खुद सीएम दे रहे हैं। मंत्री विश्वास सारंग ने भी मोर्चा संभाला हुआ है। कोविड का खतरा और ऑक्सीजन की कमी जैसे मुद्दे ट्विटर पर खूब ट्रेंड हो रहे हैं। मोदी भाषण रोको ऑक्सीजन नहीं, मोविड जैसे शब्द ट्रेंड कर रहे हैं।
Published on:
23 Apr 2021 10:55 am
