वहीं, एक और जूनियर छात्र ने सोमवार को शिकायत में बताया कि उन्हें प्रतिदिन रैगिंग के बुरे दौर से गुजरना पड़ता है। खुद को गालियां देने के लिए, अश्लील गानों पर डांस करने, पेड़ों और पौधों के साथ सेक्सुअल एक्टिविटी करने के लिए मजबूर करते है। उनसे गुलामों से भी बुरा बर्ताव किया जा रहा है। यहां तक की जूनियर्स को एक दूसरे के शरीर की बोली लगाने के लिए बाध्य किया जाता है।