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लगातार डेढ़ दिन की ड्यूटी कराई फिर भी बोला कामचोर, जूनियर डॉक्टर का सुसाइड नोट

राजधानी भोपाल के गांधी मेडिकल कॉलेज GMC की गायनेकोलॉजी (स्त्री एवं प्रसूति रोग विशेषज्ञ) की जूनियर डॉक्टर बाला सरस्वती का सुसाइड नोट सामने आ गया है।

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Suicide note of junior doctor Bala Saraswati of Gandhi Medical College

राजधानी भोपाल के गांधी मेडिकल कॉलेज GMC की गायनेकोलॉजी (स्त्री एवं प्रसूति रोग विशेषज्ञ) की जूनियर डॉक्टर बाला सरस्वती का सुसाइड नोट सामने आ गया है। उसने अपने मोबाइल पर सुसाइड नोट लिखा था और इसे अपनी एक सहेली को भेजा था। जूनियर डॉक्टर बाला सरस्वती के पति ने कॉलेज की तीन महिला डॉक्टर को उसकी मौत का जिम्मेदार ठहराया है।

बाला सरस्वती GMC में थर्ड ईयर की स्टूडेंट थीं। रविवार को उन्होंने रात में एनेस्थीसिया का ओवरडोज ले लिया था। सोमवार को सुबह वह घर में बेसुध मिली थीं, उन्हें अस्पताल ले जाया गया जहां पता चला कि उनकी मौत हो चुकी है।

सूचना मिलने के बाद 27 साल की जूनियर डॉक्टर बाला सरस्वती का परिवार भोपाल आया। उनके मां पिता फूट-फूटकर रोए। बाला सरस्वती के पति जय कुमार ने कहा कि उनसे लगातार कई दिनों तक ड्यूटी कराई जाती थी। अवकाश नहीं दिया जाता था इसके बाद भी कामचोर कहा जाता था। यहां तक कि थीसिस भी मंजूर नहीं कर रहे थे। उन्होंने स्पष्ट आरोप लगाया कि तीन महिला डॉक्टर उनकी पत्नी की मौत की जिम्मेदार हैं।

इधर बाला सरस्वती का सुसाइड नोट भी सामने आ गया है। उसने सुसाइड नोट मोबाइल में लिखा और अपनी एक फ्रेंड को वॉट्सएप किया। सुसाइड नोट में उन्होंने अपने पति के लिए लिखा कि जय मेरी जिंदगी का सबसे खूबसूरत गिफ्ट है, उन्होंने मां पापा से सुसाइड का कदम उठाने के लिए माफी मांगी।

उन्होंने अपने कॉलेज को बुरा बताते हुए कहा कि ये लोग मेरी थीसिस कभी पूरी नहीं करने देंगे। उन्होंने तीन महिला डॉक्टर को अपनी मौत का जिम्मेदार बताया।