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मध्यप्रदेश के महुआ की महक लंदन तक, 200 टन महुआ लंदन होगा निर्यात

ग्रामीणों को तीन गुना मिलेगा भाव, 110 रुपए प्रति किलो की दर से बिका  

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भोपाल। राज्य लघु वनोपज सहकारी संघ प्रदेश से 200 टन महुआ लंदन निर्यात करेगा। संघ ने 110 रुपए प्रति किलो की दर से इसे बेचने के लिए अनुबंध किया है। राज्य लघु वनोपज संघ के प्रबंध संचालक पुष्कर सिंह ने बताया कि इससे ग्रामीणों को तीन गुना तक ज्यादा फायदा होगा। महुआ की आपूर्ति इसी साल की जाएगी। इसके लिए उमरिया, अलीराजपुर, नर्मदापुरम, सीहोर, सीधी और खण्डवा जिला यूनियन के साथ एग्रीमेंट साइन किए जा रहे हैं। नर्मदापुरम के सहेली वन धन विकास केन्द्र ने पिछले वर्ष 18 क्विंटल खाद्य ग्रेड महुआ लंदन निर्यात किया था। इसका उपयोग वहां एनर्जी बार बनाने के लिए किया गया।

खाद्य ग्रेड महुआ नेट से होगा संग्रहीत

खाद्य ग्रेड महुआ को नेट के माध्यम से संग्रहीत कराएगा। इसके लिए संग्राहकों को प्रक्रिया का प्रशिक्षण भी दिया गया है। इससे संग्रहीत महुआ का फूल, मिट्टी और खरवतवार रहित होते हैं। इससे गुणवत्ता पूर्ण महुआ संग्रहण करने से बाजार में उनकी खासी कीमत प्राप्त होती है। वनमंडल में महुआ का न्यूनतम समर्थन मूल्य 35 रूपए प्रति किलो है, जबकि इसे 110 रुपए प्रति किलो की दर से निर्यात किया जाएगा।

35 हजार क्विंटल का उत्पादन
पिछले साल लघु वनोपज संघ ने पिछले साल पूरे प्रदेश से करीब 35 हजार क्विंटल महुआ का संग्रहण कराया था। संघ ने एक्सपोटर के जरिए अन्य देशों में इसे बेचने के प्रयास शुरू किए। पहली सफलता लंदन में मिली। यहां की एक कंपनी ने एनर्जी बार बनाने के लिए महुआ खरीदने की इच्छा जताई। उसकी मांग के अनुरूप नर्मदापुरम के केसरा परिक्षेत्र से 17 क्विंटल महुआ एक्सपोर्ट किया गया। इसे करीब 105 रुपए की किलो की दर से बेचा गया। संघ के अधिकारियों के अनुसार महुआ संग्रहण का न्यूनतम मूल्य 35 रूपए है। अच्छी क्वालिटी होने पर भी 40 से 45 रुपए किलो से ज्यादा भाव नहीं मिल पाता है।