
भोपाल। सदन की बैठकों की संख्या बढ़ाए जाने पर लगातार मंथन तो होता है, लेकिन आश्चर्य है कि बैठकों की संख्या लगातार घट रही है। यह चिंतनीय है। महाराष्ट्र में आयोजित राष्ट्रीय विधायक सम्मेलन में इस पर मंथन हुआ। इस सम्मेलन में मध्यप्रदेश विधानसभा के अध्यक्ष गिरीश गौतम, प्रमुख सचिव अवधेश प्रताप सिंह सहित मध्यप्रदेश के अनेक विधायक एवं देशभर की विधानसभाओं के अध्यक्ष, विधायक शामिल हुए।
सम्मेलन के समापन मौके पर मध्यप्रदेश विधानसभा के प्रमुख सचिव अवधेश प्रताप कहा कि स्वतंत्रता के अमृतकाल का यही सही समय है जब विधायिका के कार्य निष्पादन के प्रगति की समीक्षा की जाए। मेरे द्वारा विभिन्न विधान मंडलों के सत्रों की स्थिति का अध्ययन करने पर यह पाया कि आज विधान सभाओं में वर्ष में औसत सत्र अवधि मात्र 21 दिन रह गई है। देश के विधान मंडलों में कऱीब 60 प्रतिशत विधेयक बिना परीक्षण व चर्चा या नाम मात्र चर्चा के पारित हो रहे हैं। सिंह ने आशा व्यक्त कि इस राष्ट्रीय सम्मेलन में मंथन से इस दिशा में उपयुक्त पहल की जाएगी। उन्होंने इस संवन्ध में मध्य प्रदेश विधान सभा के नवाचारों का भी उल्लेख किया।
इस अवसर पर विभिन्न राज्यों के विधायकगण बड़ी संख्या में उपस्थित थे। साथ ही सांसद विवेक तनखा, पूर्व सांसद सुब्रमणीयम स्वामी ने भी विचार व्यक्त किए। अगला राष्ट्रीय विधायक सम्मेलन गोवा में होगा।
Published on:
17 Jun 2023 10:34 pm
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