
VIDEO: कोविड सेंटर में कोरोना संक्रमितों को छोडऩे गए दल पर फूटा ग्रामीणों ने किया पथराव
भोपाल। मध्य प्रदेश के खरगोन जिले के महेश्वर में कोरोना ने आखिरकार दस्तक दे दी। दो महीने तक लॉक डाउन का कड़ाई से पालन करने के कोरोना से एक ही परिवार के 8 सदस्य संक्रमित हो गए। इनमें से दो बच्चे भी शामिल हैं। नगर के वृद्धावन कॉलोनी में अनिल महाजन (48) का परिवार को कोरोना ने अपनी चपेट में लिया है। परिवार में सबसे पहले अनिल की तबीयत बिगड़ी। जिसे कोरोना लक्षण होने पर रविवार को खरगोन जिला अस्पताल भर्ती कराया गया ।वही सोमवार को परिवार के अन्य 7 सदस्यों को डापला रोड पर कन्या छात्रावास में बनाए गए कोविड सेंटर ले जाया गया। इसकी सूचना मिलने पर ग्रामीणों का गुस्सा फूट पड़ा और गुस्साए लोगों ने मरीजों सहित उन्हें छोडऩे गए स्वास्थ्य अमले पर अचानक पथराव कर दिया । इस घटना से कुछ समय के लिए अफरा-तफरी मच गई।
पांच मई को इंदौर से भागकर आया था परिवार
अनिल परिवार के साथ 5 मई को इंदौर से चोरी छुपे महेश्वर भाग आया था। इंदौर के मल्हारगंज में एक कपाउंड में अनिल अपने परिवार के साथ रहता था। यहां वह सराफा मार्केट में काम करता था। उसके परिवार में माता-पिता, पत्नी और दो बच्चें रहते थे। जानकारी के मुताबिक कपाउंड में अन्य लोगों के बीमार होने की खबर लगने के बाद अनिल और उसका परिवार महेश्वर आ गया। प्रशासन को सूचना मिलने पर पूरे परिवार के खिलाफ धारा 188 की कार्रवाई की गई।
पथराव की घटना से खलबली
पथराव की सूचना के बाद महेश्वर सहित मंडलेश्वर और धामनोद से बड़ी संख्या में पुलिस फोर्स मौके पर पहुंचा यहां पुलिस ने आंसू गैस छोड़कर भीड़ को खदेड़ा। यक्त घटना रात करीब 8 से 9 बजे के बीच की बताई जा रही है। पुलिस ने करीब पांच आश्रु गैस के गोले छोड़े। बताया जाता है कि पथराव पादरी समाज के लोगों द्वारा किया गया था। इनके घर के पास कोविड सेंटर बनाया था। ग्रामीणों में इस बात भय था कि यहां मरीजों को रखने से उनके गांव में भी यह बीमारी फैल सकती है।
Published on:
19 May 2020 04:21 pm
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