6 जुलाई 2026,

सोमवार

Patrika Logo
home_icon

मेरी खबर

video_icon

शॉर्ट्स

epaper_icon

ई-पेपर

जल्द शुरू हो सकता है वार्डों का परिसीमन, जनता से मांगे जाएंगे प्रस्ताव, इधर जारी है विरोध

- शुद्धि पत्र में बढ़ाई गईं धारा-7 और 10 के संबंध में रखे गए हैं तर्क, इसे भी बताया अधिकार से बाहर
less than 1 minute read
Google source verification
नगर निगम में नए बजट के लिए बैठकें शुरू

नगर निगम में नए बजट के लिए बैठकें शुरू

भोपाल। वर्तमान नगर निगम को तोड़कर दो नगर निगम बनाने को लेकर जल्द ही वार्डों के परिसीमन की प्रक्रिश शुरू हो सकती है। 30 अक्टूबर को दो नगर निगम के प्रस्ताव के कलेक्टर की तरफ से बढ़ाई गईं धारा-7 और 10 के गजट नोटिफिकेशन के बाद इस दिशा में तेजी आई है। जानकार बताते हैं कि एक दो दिन में ही शासन की तरफ से इस संबंध में निर्देश मिल सकते हैं। इसके बाद कलेक्टर एक और नोटिफिकेशन जारी कर लोगों से वार्ड परिसीमन पर प्रस्ताव बुलवाएंगे।

क्योंकि प्रस्तावित भोपाल निगम में वार्ड संख्या 60 रखी तो प्रस्तावित कोलार नगर निगम में वार्ड बढ़ाने होंगे। दोनों नगर निगम में मिलाकर वार्ड संख्या 105 या इससे अधिक रह सकती है। इधर दो नगर निगम के विरोध में विरोध भी जारी है। वॉइस ऑफ भोपाल के सचिव विकास बोन्द्रिया का कहना है कि 31 अक्टूबर को जबलपुर डबल बेंच में एक रिट एप्लीकेशन भी दायर हो चुकी है। जिसके जवाब में शासन ने शुद्धि पत्र लाने की बात कही और उसकी कॉपी हाईकोर्ट में प्रस्तुत की है। जिसमें शासन की तरफ से त्रुटि सुधार किया बताया है।

अब इसकी अगली सुनवाई 8 नवंबर को होनी है। रिट लगाने वाले विकास का कहना है कि शुद्धि पत्र विधि अनुसार नहीं है। दूसरा ये कि नई नगर निगम के गठन हेतु धारा-7 शुद्धि पत्र के माध्यम से लगाना बताया है। इस संबंध में राज्यपाल से कोई लिखित अनुमति नहीं ली गई। हमारी तरफ से एक आरटीआई भी लगाई जा चुकी है, कि अगर राज्यपाल की तरफ से कोई पत्र है तो उसे उपलब्ध कराएं। धारा-10 के संबंध जो वार्ड परिसीमन की बात कही जा रही है वो राज्यपाल के दायित्वों में है ही नहीं और शुद्धि पत्र में उसे राज्यपाल के आदेशानुसार प्रकाशित किया जाना लेख किया गया है।