
पूरे प्रदेश में बरसा मानसून, कई जगह आफत, 48 घंटे और खतरनाक
भोपाल। पूरे मध्यप्रदेश में मानसून की धमाकेदार शुरुआत के साथ ही अब लोगों की आफत बढ़ गी है। आने वाले 48 घंटों के दौरान तेज बारिश की आशंका जताई गई है। मौसम विभाग ने कहा है कि अरब सागर में हलचल बढ़े से रुका हुआ मानसून सक्रिय हो गया और उसने पूरे मध्यप्रदेश में जोरदार बारिश कर दी है। बुधवार रात से ही बारिश ने धीरे-धीरे शुरुआत कर दी थी। इसके बाद गुरुवार सुबह तो जब लोग सुबह जागे तो सामने पानी ही पानी हो गया। राजधानी भोपाल की निचली बस्तियों में पानी भर गया। कई लोगों को पानी में आने-जाने में दिक्कतों का सामना करना पड़ा।
कई शहरों में बारिश से आफत, देखें LIVE UPDATES
कई बस्तियां जलमग्न
भोपाल की निचली बस्तियों में पानी भर जाने से कई लोग वहीं कैद होकर रह गए हैं। होशंगाबाद रोड के पास बावड़ियाकलां नाला उफान पर आगया, जिससे वहां आसपास की बस्तियों में पानी भर गया। कोलार मुख्य मार्ग और अंदरुनी सड़कों से बाहर निकालने के लिए पानी को जगह नहीं मिलने से सड़कों पर पानी जमा हो गया है।
-लहारपुर कटारा हिल्स बर्रई इलाकों में पानी भर गया है। बुधवार रात 2:00 बजे से हो रही बारिश के चलते लहारपुर डैम में पानी काफी भर गया। लहारपुर नाला भी उफान पर बह रहा है।
कलेक्टर ने दिए निर्देश
कलेक्टर सुदाम खाड़े ने शहर को तीन हिस्सों में बांटकर तीन एडीएम को अलग-अलग एरिए की जिम्मेदारी दी है।
यहां भी भरा पानी
-कोलार के वार्ड 82, 83 में ज्यादातर घरों में पानी भरने कू सूचना है।
-पुराने भोपाल में ज्यादातर गलियों में पानी भरने की सूचना है।
बाड़ आपदा टीम अलर्ट
भोपाल में कई जगहों पर भरे पानी को देखते हुए बाढ़ आपदा प्रबंधन की टीम को अलर्ट कर दिया गया है। एक टीम पुराने शहर के निचले हिस्से में तैनात की गई है। यहां के पुल पातरा नाले के पास, अशोका गार्डन नाले के पास। नगर निगम, पुलिस, और बाढ़ राहत टीम को किया सक्रिय किया गया है। पानी बढ़ने की स्थिति में यह टीम लोगों का घर खाली करा सकती है और जरूरत पड़ने पर बचाव कार्य के लिए तैयार है।
कंट्रोल रूम स्थापित
भोपाल में बाढ़ की आशंका को देखते हुए कलेक्ट्रेट में कंट्रोल रूम तैयार किया गया है। इसकी मॉनीटरिंग नगर निगम आयुक्त, कलेक्टर सुदाम खाड़े, महापौर आलोक शर्मा भी कर रहे हैं।
बुधवार को कहां कितना गिरा पानी
बुधवार को उज्जैन में 46 मिमी, इंदौर में 25.5 मिमी बारिश गिरी। वहीं रतलाम में 11, सागर में 6, जबलपुर में 4.8, दमोह और मंडला में 4-4 मिमी, पचमढ़ी में 3 मिमी, खरगोन, शाजापुर, होशंगाबाद और बैतूल में 2, भोपाल में 1.8 मिमी. बारिश दर्ज की गई।
चक्रवात ने बढ़ाई मानसून की गति
मौसम विज्ञान केंद्र के मुताबिक महाराष्ट्र के उत्तर से लेकर केरल के उत्तरी इइलाके तक ट्रफ लाइन (द्रोणिका) बनने और गुजरात के दक्षिणी हिस्से में चक्रवात बनने से मध्यप्रदेश के वातावरण में नमी आ गई है। इस कारण से जोरदार बारिश शुरू हो गई है।
पूरे प्रदेश का तापमान गिरा
भोपाल
-मध्यप्रदेश की राजधानी भोपाल में गुरुवार का तापमान 32 डिग्री अधिकतम रहने की उम्मीद है, जबकि रात का पारा 24 डिग्री तक उतर आया है। भोपाल का न्यूनतम तापमान 11 जुलाई तक 30 तक पहुंच जाएगा। यानी बादल छाए रहेंगे और बारिश का दौर जारी रहेगा।
इंदौर
-मालवा का अधिकतम तापमान 30 डिग्री से नीचे निकल गया है। यह 11 जुलाई तक 28 डिग्री तक उतर आने की उम्मीद है। जबकि न्यूनतम तापमान 21 डिग्री के करीब पहुंच गया है। इसलिए मालवा के इस शहर में काफी ठंडक का अहसास होने लगा है। बारिश का दौर यहां भी जारी रहने की उम्मीद है।
जबलपुर
-बारिश के चलते यहां का अधिकतम तापमान 29 डिग्री पर है। इसके अलावा न्यूनतम तापमान 23 डिग्री पर पहुंच गया है। 11 जुलाई इसके और कम होने की उम्मीद है। यहां भी पूरे सप्ताह गरज-चमक के साथ बारिश का दौर चलता रहेगा।
ग्वालियर
आमतौर पर गरम रहने वाला ग्वालियर क्षेत्र का तापमान अब 39 डिग्री पर पहुंच गया है। 11 जुलाई तक इसके 35 डिग्री तक उतर आने का अनुमान है। यहां गरज चमक के साथ आंशिक बारिश का दौर चल रहा है। इसके अलावा न्यूनतम तापमान भी 24 डिग्री पर पहुंच गया है जो सप्ताह के अंत तक 22 पर पहुंच जाएगा।
उज्जैन
मालवा क्षेत्र से लगा उज्जैन शहर भी बारिश के चलते ठंडा हो गया है। यहां का अधिकतम तापमान 29 डिग्री पहुंच गया है। इसके अलावा 23 डिग्री न्यूनतम तापमान है। आने वाली 11 जुलाई तक अधिकतम तापमान 26 डिग्री तक पहुंच जाएगा। इसके साथ ही न्यूनतम तापमान भी 23 डिग्री तक पहुंचने की उम्मीद है।
Updated on:
06 Jul 2018 11:19 am
Published on:
05 Jul 2018 11:40 am
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