
भुवनेश्वर के लोगों ने किया ऐसा प्रदर्शन कि प्रशासन चकरघिन्नी हो गया
भुवनेश्वर (महेश शर्मा): पशुओं की तरह जब प्रशासन भी मूक-बधिर ( Administration Deaf and Dumb ) हो जाए तो आखिर लोगों के पास अपनी तकलीफ सुनाने का क्या तरीका रह जाता है। अभी तक मांगे मंगवाने और विरोध प्रदर्शन के कई तरीके सामने आएं हैं किन्तु भुवनेश्वर के लोगों ने जिस तरह का विरोध प्रदर्शन ( Protest Demostration) किया वह दंग ( Stunned ) कर देने वाला है। आवारा पशुओं ( Estrange Animals ) की समस्या से त्रस्त शहर के लोगों ने नाकारा प्रशासन को कुम्भकर्णी नींद से जगाने के लिए आवारा सांडों सहित प्रदर्शन किया। इस समस्या से परेशान लोग आवारा सांडों को घेरकर जिला कलक्टर कार्यालय ले गए। शहर के बाशिंदे लंबे अर्से से आवारा पशुओं की समस्याओं से परेशान हैं। लोगों ने कई बार इसकी शिकायत प्रशासन से की किन्तु किसी के कान पर जूं नहीं रेंगी। शहर में विचरण करने वाले करीब 500 आवारा सांडों को एकत्रित कर जिला कलेक्ट्रेट कार्यालय का घेराव किया। इस तरह का विरोध जिले के राजनगर ब्लाक के लोगों ने किया। सांडों के साथ सैकड़ों लोग भी पहुंच गए। कलेक्ट्रेट कार्यालय में हर तरफ सांडों को देखकर अधिकारी चकरघिन्नी हो गए। सांड़ों को हांक कर कलेक्ट्रेट परिसर तक ले जाने का नजारा देखने को लोग सड़क पर आ गए। जिला कलक्टर ने वार्ता के लिए लोगों को बुलाकर समस्या के निदान का भरोसा दिलाया। इसके बाद ही लोगों ने सांड सहित प्रदर्शन को स्थगित किया।
किसानों को नुकसान
कृषक संगठन के अध्यक्ष अक्षय भाई ने बताया कि आवारा सांडों के कारण खेतीबारी का भारी नुकसान हो रहा है। सांड़ों का झुंड खेतों में घुसकर किसानों का भारी नुकसान पहुंचा रहे हैं। इस समस्या से न केवल किसान बल्कि शहरी इलाकों में रहने वाले लोगों को भी भारी परेशानी हो रही है। स्थानीय नागरिक परीक्षित पात्रा का कहना है कि आवारा सांड़ों की सड़कों पर चहलकदमी के कारण यातायात भी बुरी तरह प्रभावित रहता है। छोटी-मोटी दुर्घटनाएं होती रहती है। स्थानीय नगर पालिका परिषद के अधिकारी और जनप्रतिनिधि भी इस समस्या की तरफ से हाथ बांधे बैठे हैं।
राजनगर में सर्वाधिक आतंक
सांड़ों का सर्वाधिक आतंक राजनगर ब्लाक में है। यहीं के किसान सबसे ज्यादा परेशान हैं। राजनगर के बीडीओ मंदारधर महालिक का कहना है कि वह इसका स्थायी हल जल्द ही निकाल कर लोगों को इस समस्या से निजात दिला देंगे। उधर जिलाधिकारी समर्थ वर्मा का कहना है कि उन्होंने जिले नगर पालिका परिषद और नगर परिषद के अधिकारियों से कहा है कि आवारा पशुओं को बंद किया जाए। इनके मालिकों को हिदायत दी जाए कि वे अपने पशुओं को अपने पास ही रखें। उन्होंने बताया कि स्थानीय लोगों को आश्वसन दिया गया है कि उन्हें इस समस्या से जल्द ही छुटकारा दिलाया जाएगा।
Published on:
29 Oct 2019 06:23 pm
बड़ी खबरें
View Allभुवनेश्वर
ओडिशा
ट्रेंडिंग
