
Fundari bridge Bijapur(photo-patrika)
Fundari bridge Bijapur: छत्तीसगढ़ के बीजापुर जिले में इंद्रावती नदी लंबे समय से ग्रामीणों के लिए बड़ी बाधा बनी हुई थी। बरसात के मौसम में यह नदी कई गांवों को मुख्य मार्ग से पूरी तरह काट देती थी, जिससे लोग कई बार महीनों तक अलग-थलग रह जाते थे। गर्मियों में भी आवागमन नाव के सहारे होता था और आपात स्थिति में मरीजों को समय पर अस्पताल पहुंचाना बेहद मुश्किल हो जाता था। इस कारण ग्रामीणों को काफी परेशानियों का सामना करना पड़ता था और बुनियादी सुविधाओं तक पहुंच भी सीमित हो जाती थी।
अब इस समस्या का समाधान फंडरी पुल के रूप में सामने आया है। लगभग 648 मीटर लंबा यह पुल इंद्रावती नदी पर बनाया गया है, जो भैरमगढ़ ब्लॉक के 50 से अधिक गांवों को हर मौसम में सड़क संपर्क उपलब्ध कराएगा। इस पुल का निर्माण अंतिम चरण में है और इसे जल्द ही आम जनता के लिए शुरू किए जाने की संभावना है।
इस पुल के शुरू होने से बीजापुर जिला मुख्यालय और नारायणपुर के बीच की दूरी भी काफी कम हो जाएगी। पहले यह सफर लगभग 210 किलोमीटर लंबा था, जो अब काफी घटकर आसान और तेज हो जाएगा। इससे बांगोली, बेलनार, चिंगेर, बैल, मर्रमेटा, तकिलोड और इतामपर जैसे कई गांवों को सीधा लाभ मिलेगा।
स्थानीय लोगों का कहना है कि अब आपात स्थिति में एंबुलेंस और स्वास्थ्य सेवाएं गांवों तक आसानी से पहुंच सकेंगी। पहले बारिश और नदी के तेज बहाव के कारण मरीजों को समय पर इलाज नहीं मिल पाता था, जिससे कई बार गंभीर स्थिति बन जाती थी।
इस पुल का निर्माण लोक निर्माण विभाग द्वारा किया गया है। इस दौरान सुरक्षा व्यवस्था के लिए सीआरपीएफ की तैनाती भी की गई थी, क्योंकि यह क्षेत्र लंबे समय तक नक्सल प्रभावित रहा है। कठिन भौगोलिक परिस्थितियों और सुरक्षा चुनौतियों के बावजूद परियोजना को पूरा किया गया।
अधिकारियों के अनुसार, फंडरी पुल केवल एक संपर्क मार्ग नहीं है, बल्कि यह क्षेत्र के विकास और सुरक्षा दोनों के लिए महत्वपूर्ण साबित होगा। इससे सुरक्षा बलों की आवाजाही भी आसान होगी और क्षेत्र में विकास कार्यों को गति मिलेगी।
मुख्यमंत्री ने कहा है कि राज्य सरकार की प्राथमिकता दूरस्थ और पिछड़े इलाकों को मुख्यधारा से जोड़ना है। ऐसे पुल और सड़क परियोजनाएं ग्रामीण क्षेत्रों में शिक्षा, स्वास्थ्य और रोजगार के अवसरों को मजबूत करेंगी।
प्रशासन के अनुसार, इंद्रावती नदी पर केवल फंडरी पुल ही नहीं, बल्कि अन्य कई पुलों का काम भी चल रहा है। इनमें बेदरे, उसपरी और भोपालपट्टनम पुल परियोजनाएं शामिल हैं। इन सभी परियोजनाओं के पूरा होने के बाद बीजापुर, अबूझमाड़ और नारायणपुर के कुल 78 गांवों को सीधा और बेहतर संपर्क मिल सकेगा।
फंडरी पुल के लगभग तैयार होने से स्थानीय लोगों में खुशी और उम्मीद का माहौल है। ग्रामीणों का कहना है कि अब उनका जीवन पहले से ज्यादा आसान होगा और वे मुख्यधारा से बेहतर तरीके से जुड़ सकेंगे।
Published on:
16 May 2026 05:16 pm
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