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बिजनौर हाईवे पर खौफनाक वारदात! ढाबे पर खाना खाते युवक की पीट-पीटकर हत्या, फौजी भाई की हालत नाज़ुक

Bijnor Murder: बिजनौर-मुरादाबाद हाईवे पर देर रात ढाबे पर खाना खा रहे तीन भाइयों पर हमला हो गया। लाठी-डंडों से की गई पिटाई में एक युवक की मौत हो गई। फौज में तैनात उसका भाई गंभीर रूप से घायल हो गया।
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बिजनोर

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Mohd Danish

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Updated: 9 Oct 2025, 12:03 PM IST

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बिजनौर हाईवे पर खौफनाक वारदात! AI Generated Image

Bijnor highway dhaba murder: बिजनौर-मुरादाबाद स्टेट हाईवे पर बुधवार देर रात हल्दौर के पास एक ढाबे पर हुई मारपीट ने इलाके को दहला दिया। खाना खाते समय तीन चचेरे भाइयों पर अचानक लाठी-डंडों से हमला कर दिया गया। इस खौफनाक हमले में एक युवक की मौके पर ही मौत हो गई। जबकि उसका फौजी भाई गंभीर रूप से घायल हो गया। हमला इतनी बेरहमी से हुआ कि ढाबे पर मौजूद ग्राहक भी दहशत में आ गए।

कहासुनी झगड़े में बदल गई

जानकारी के मुताबिक, वाजिदपुर निवासी सन्नी पुत्र सुखबीर अपने भाई हिमांशु और चचेरे भाई अंकुर के साथ बुधवार रात ढाबे पर खाना खा रहा था। इसी दौरान ग्राम खतापुर निवासी ढाबा कर्मचारियों से मामूली कहासुनी हो गई। कहासुनी धीरे-धीरे झगड़े में बदल गई और कर्मचारियों ने लाठी-डंडों से हमला बोल दिया। बुरी तरह घायल सन्नी ने घटना स्थल पर ही दम तोड़ दिया, जबकि फौज में तैनात हिमांशु गंभीर रूप से ज़ख्मी हो गया और उसे अस्पताल में भर्ती कराया गया है।

पुलिस की मौजूदगी पर उठे सवाल

परिजनों का आरोप है कि हमला पुलिस की मौजूदगी में हुआ, लेकिन पुलिस मूकदर्शक बनी रही। परिवार का कहना है कि ढाबा संचालक और उसके साथियों ने जिस बेरहमी से हमला किया, उसे रोका जा सकता था अगर पुलिस ने समय पर हस्तक्षेप किया होता। परिजनों ने रातभर इंतज़ार किया कि न्याय मिलेगा, लेकिन कोई ठोस कार्रवाई न होने पर गुरुवार सुबह उन्होंने गुस्से में शव सड़क पर रखकर स्टेट हाईवे जाम कर दिया।

बिगड़ा माहौल, बढ़ी तनाव की स्थिति

सुबह-सुबह मृतक का शव गांव पहुंचते ही माहौल तनावपूर्ण हो गया। बालकिशनपुर चौराहे पर ग्रामीणों ने हाईवे जाम कर पुलिस के खिलाफ नारेबाजी शुरू कर दी। माहौल को नियंत्रित करने के लिए भारी पुलिस बल बुलाया गया। इस बीच खुलासा हुआ कि घटना के बाद रातोंरात पुलिस ने पीड़ित पक्ष के ही अंकुर को हिरासत में ले लिया था, जिससे गांव वालों का आक्रोश और बढ़ गया।

जांच में जुटी पुलिस, न्याय की मांग तेज

स्थानीय पुलिस ने घटना की जांच शुरू कर दी है, लेकिन ग्रामीणों और परिजनों का गुस्सा शांत नहीं हो रहा। लोग दोषियों की तुरंत गिरफ्तारी और निष्पक्ष कार्रवाई की मांग कर रहे हैं। वहीं फौज में तैनात घायल युवक हिमांशु की हालत अभी भी गंभीर बनी हुई है। क्षेत्र में तनाव कायम है और लोग यह सवाल उठा रहे हैं कि आखिर पुलिस की मौजूदगी में इतना बड़ा अपराध कैसे हो गया।