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Bikaner : मोटापे-मधुमेह से पीडि़त हो रही शहरी आबादी के लिए वरदान है मोटा अनाज

बीकानेर. एक जमाने में सिर्फ गांवों के भोजन की थाली की शोभा बढ़ाने वाले मोटे अनाज अब शहरी थाली की भी शान बन रहे हैं। शुगर-बीपी और मोटापे जैसी बीमारी से जूझ रही शहरी आबादी चिकित्सकों की सलाह पर मिलेट्स को भोजन में प्रयुक्त करने को लेकर जागरूक हो रही है। संयुक्त राष्ट्र महासभा ने भी वर्ष 2023 को अन्तरराष्ट्रीय मिलेट्स वर्ष घोषित किया हुआ है।

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Bikaner : मोटापे-मधुमेह से पीडि़त हो रही शहरी आबादी के लिए वरदान है मोटा अनाज

Bikaner : मोटापे-मधुमेह से पीडि़त हो रही शहरी आबादी के लिए वरदान है मोटा अनाज

बीकानेर. एक जमाने में सिर्फ गांवों के भोजन की थाली की शोभा बढ़ाने वाले मोटे अनाज अब शहरी थाली की भी शान बन रहे हैं। शुगर-बीपी और मोटापे जैसी बीमारी से जूझ रही शहरी आबादी चिकित्सकों की सलाह पर मिलेट्स को भोजन में प्रयुक्त करने को लेकर जागरूक हो रही है। संयुक्त राष्ट्र महासभा ने भी वर्ष 2023 को अन्तरराष्ट्रीय मिलेट्स वर्ष घोषित किया हुआ है। इसे देखते हुए मोटे अनाज के प्रति जागरूकता भी बढ़ाई जा रही है।

ऐसे में शुक्रवार को रवीन्द्र रंगमंच पर आयोजित ईट राइट मिलेट्स मेला एक महत्वपूर्ण जंक्शन साबित हो रहा है, जहां पर लोग विभिन्न तरह के मिलेट्स उत्पादों से बने पकवान चख भी सकते हैं और उनके फायदों को लेकर जागरूक भी हो सकते हैं। मेले का उद्घाटन शुक्रवार को हुआ। हालांकि शुरुआती दिन इसमें आमजन की आमद कम रही। स्काउट गाइड, चिकित्सा एवं स्वास्थ्य विभाग का स्टाफ तथा नर्सेज विद्यार्थी मेले में मौजूद दिखे। मेला स्थल पर मोटे अनाज से निर्मित कई तरह के खाद्य पदार्थों की दुकानें भी लगी हुई थीं।

ईट राइट मिलेट्स मेले के उद्घाटन समारोह को जिला कलक्टर भगवती प्रसाद कलाल ने संबोधित किया। उन्होंने न केवल पोषण, बल्कि प्राकृतिक संतुलन तथा किसानों के उत्थान के संदर्भ में भी मिलेट्स के महत्व को प्रतिपादित किया और सभी बीकानेरवासियों को अपने दैनिक खानपान में मोटे अनाज को अपनाने का आह्वान किया। अतिरिक्त जिला कलक्टर (शहर) सीएमएचओ डॉ. मोहम्मद अबरार पंवार इस दौरान मौजूद रहे।

14 स्टॉल्स का अवलोकन

जिला कलक्टर ने मोटे अनाज से बने व्यंजनों के 14 स्टॉल्स को देखा। मेले में मौजूद विद्यार्थियों व आमजन ने ज्वार, बाजरा, रागी, कुट्टू, राजगीरा, मक्का आदि मिलेट्स से बने खीचड़े, चूरमा, खीर, केक, शामक, हलवा व राबड़ी जैसे व्यंजन चखे और सराहा। डॉ विमला डुकवाल, डॉ नवल गुप्ता व डॉ मनोज गुप्ता ने मिलेट्स के महत्व पर तकनीकी व्याख्यान दिया। मेडिकल कॉलेज की अतिरिक्त प्राचार्य डॉ रेखा आचार्य, उपनिदेशक बीकानेर जोन डॉ. राहुल देव हर्ष, जिला अस्पताल के अधीक्षक डॉ प्रवीण चतुर्वेदी, स्काउट एंड गाइड के मानवेंद्र सिंह भाटी ने भी मिलेट्स के फायदे गिनाए।