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केसीसी पत्रावली स्वीकृत करने की एवज में मांगी रिश्वत, बैंक मैनेजर रंगे हाथों गिरफ्तार

- भ्रष्टाचार निरोधक ब्यूरो बीकानेर ने की कार्रवाई

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केसीसी पत्रावली स्वीकृत करने की एवज में मांगी रिश्वत, बैंक मैनेजर रंगे हाथों गिरफ्तार

केसीसी पत्रावली स्वीकृत करने की एवज में मांगी रिश्वत, बैंक मैनेजर रंगे हाथों गिरफ्तार

बीकानेर. केसीसी पत्रावली स्वीकृत करने की एवज में बैंक ऑफ बड़ौदा के प्रबंधक को रिश्वत लेते भ्रष्टाचार निरोधक ब्यूरो बीकानेर की टीम ने रंगे हाथों गिरफ्तार किया है। आरोपी से रिश्वत की राशि बरामद की गई। इससे पहले आरोपी के विशेष रसायन से हाथ धुलवाए, जिसका रंग गुलाबी आ गया। बरामद राशि को जब्त कर लिया गया है।
एसीबी पुलिस अधीक्षक देवेन्द्र बिश्नोई ने बताया कि कोलासर हाल जेएनवीसी ई-145 निवासी बैंक ऑफ बड़ौदा की बज्जू शाखा के प्रबंधक अमरजीत पुत्र रामदेव परिहार को गिरफ्तार किया गया है। आरोपी ने परिवादी से केसीसी स्वीकृत करने की एवज में 30 हजार रुपए की रिश्वत ली थी। यह कार्रवाई एसीबी के अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक रजनीश पूनिया के नेतृत्व में पुलिस निरीक्षक आनंद मिश्रा ने कार्रवाई को अंजाम दिया।


60 मांगें, 30 में सौदा तय
एएसपी पूनिया ने बताया कि परिवादी ने बताया कि बज्जू में उसके परिजन के नाम से कृषि भूमि हैं, जिसकी केसीसी बनाने के लिए बैंक ऑफ बड़ौदा में आवेदन किया गया। केसीसी को स्वीकृत करने की एवज में मैनेजर अमरजीत परिहार 60 हजार रुपए की रिश्वत मांग रहे हैं। इस पर एसीबी ने परिवादी की शिकायत का सत्यापन किया। सत्यापन के दौरान आरोपी ने 30 हजार रुपए में काम करना तय किया। एसीबी ने बुधवार सुबह ट्रेप की योजना बनाई।


बीच रास्ते में दबोचा, ले गए थाने
एएसपी ने बताया कि आरोपी ने बुधवार सुबह रिश्वत लेने के लिए परिवादी को जेएनवीसी बुलाया। वह घर से बाहर कार लेकर गया। बीच रास्ते में कार में रिश्वत ली। परिवादी के रिश्वत देते ही एसीबी टीम को इशारा कर दिया। एसीबी की टीम ने आरोपी को घेर कर दबोच लिया। एसीबी टीम आरोपी को पकड़ कर जेएनवीसी थाने ले गई, जहां आगामी कार्रवाई की गई।