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बीकानेर: ग्रीष्मावकाश में परीक्षा ड्यूटी करने वाले शिक्षकों को मिलेगा उपार्जित अवकाश, आदेश जारी

ग्रीष्मावकाश के दौरान सार्वजनिक परीक्षाओं में ड्यूटी देने वाले शिक्षकों को अब उपार्जित अवकाश मिलेगा। बीकानेर जिला शिक्षा अधिकारी माध्यमिक ने राजस्थान सेवा नियम 92(बी) के तहत आदेश जारी किए हैं।
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प्रतीकात्मक फाइल फोटो: पत्रिका

Earned Leave From Exam Duty In Summer Vacation: ग्रीष्मावकाश के दौरान सार्वजनिक परीक्षाओं में वीक्षक (इन्विजिलेटर) के रूप में ड्यूटी देने वाले शिक्षकों को अब उनकी सेवाओं का प्रतिफल उपार्जित अवकाश के रूप में मिलेगा। जिला शिक्षा अधिकारी (मुख्यालय-माध्यमिक) बीकानेर ने राजस्थान सेवा नियम के नियम 92(बी) के तहत पात्र शिक्षकों को इसका लाभ देने के आदेश जारी कर दिए हैं। इससे ग्रीष्मावकाश के दौरान परीक्षा ड्यूटी करने वाले शिक्षकों को राहत मिलेगी।

आदेश के अनुसार ग्रीष्मावकाश के दौरान जिन शिक्षकों ने विभिन्न सार्वजनिक परीक्षाओं में वीक्षक अथवा अन्य परीक्षा संबंधी दायित्व निभाए हैं, उन्हें संबंधित परीक्षा केंद्रों की ओर से जारी उपस्थिति प्रमाण पत्र के आधार पर उपार्जित अवकाश स्वीकृत किया जाएगा। इसके लिए शिक्षकों को परीक्षा केंद्र से प्राप्त उपस्थिति प्रमाण पत्र निर्धारित प्रक्रिया के तहत प्रस्तुत करना होगा। संबंधित दस्तावेजों के सत्यापन के बाद पात्रता के अनुसार उपार्जित अवकाश स्वीकृत किया जाएगा।

राजस्थान सेवा नियम के तहत मिलेगा लाभ

विभाग की ओर से जारी आदेश में स्पष्ट किया गया है कि यह सुविधा राजस्थान सेवा नियम के नियम 92(बी) के प्रावधानों के अनुरूप प्रदान की जाएगी। यानी ग्रीष्मावकाश के दौरान परीक्षा संबंधी ड्यूटी में सेवाएं देने वाले पात्र शिक्षकों को नियमानुसार इसका लाभ मिलेगा। विभाग की ओर से संबंधित अधिकारियों को पात्र शिक्षकों के मामलों में नियमों के अनुसार कार्रवाई करने के निर्देश दिए गए हैं।

लंबे समय से की जा रही थी मांग

ग्रीष्मावकाश के दौरान आयोजित विभिन्न सार्वजनिक परीक्षाओं में बड़ी संख्या में शिक्षकों ने अपनी छुट्टियां छोड़कर परीक्षा केंद्रों पर सेवाएं दी थीं। परीक्षा व्यवस्था को सुचारू बनाए रखने में वीक्षकों सहित अन्य परीक्षा कर्मचारियों की महत्वपूर्ण भूमिका रहती है। ऐसे शिक्षकों को उनकी परीक्षा ड्यूटी के बदले नियमानुसार उपार्जित अवकाश दिए जाने की मांग लंबे समय से की जा रही थी।

विभागीय आदेश जारी होने के बाद अब पात्र शिक्षकों को उनकी सेवाओं का वैधानिक लाभ मिल सकेगा। इससे उन शिक्षकों को राहत मिलेगी, जिन्होंने अवकाश अवधि के दौरान परीक्षा संबंधी जिम्मेदारियां निभाईं।

हजारों शिक्षकों को मिलेगी राहत

आदेश से जिले के हजारों शिक्षकों को प्रशासनिक राहत मिलने की उम्मीद है। शिक्षक संगठनों की लंबे समय से लंबित मांग पूरी होने से शिक्षकों में भी संतोष का माहौल है। शिक्षकों का कहना है कि ग्रीष्मावकाश के दौरान परीक्षा ड्यूटी करने वाले कार्मिकों को उपार्जित अवकाश का लाभ मिलना उनके अतिरिक्त कार्य के प्रति विभाग की ओर से उचित मान्यता है। विभागीय अधिकारियों के अनुसार पात्र शिक्षकों को निर्धारित प्रक्रिया और राजस्थान सेवा नियमों के प्रावधानों के तहत उपार्जित अवकाश स्वीकृत किया जाएगा। इसके लिए परीक्षा केंद्रों से जारी उपस्थिति प्रमाण पत्र को आधार माना जाएगा।