18 जनवरी 2026,

रविवार

Patrika LogoSwitch to English
icon

मेरी खबर

video_icon

शॉर्ट्स

epaper_icon

ई-पेपर

नेत्रदान कर मदद के लिए आगे आया यह परिवार

सराहनीय पहल : तेयुप नोखा की प्रेरणा से हुआ यह कार्य, अभी तक करवा दिए छह नेत्रदान

less than 1 minute read
Google source verification
मरणोपरांत नेत्रदान कर मदद के लिए आगे आया यह परिवार

मरणोपरांत नेत्रदान कर मदद के लिए आगे आया यह परिवार

नोखा. स्थानीय भूरा चौक के पारख परिवार ने अपने परिजन को खोने के बाद उनकी आंखें दान कर दूसरे को रोशनी देने की पहल की है। परिवार की जागरूकता से हार्ट अटैक से लक्ष्मीनारायण पारख की मृत्यु होने के बाद सरदार पटेल मेडिकल कॉलेज बीकानेर के आई बैंक को आंख दान की गई। इससे अब मेडिकल कॉलेज बीकानेर में इलाज करवा रहे लोगों में से दो को एक-एक आंख देकर नई जिदंगी दी जाएगी।

भूरा चौक में रहने वाले लक्ष्मीनारायण उर्फ बाबूलाल पारख (75) व्यवसायी के साथ ही समाजसेवी थे। शनिवार सुबह हार्ट अटैक से उनकी मृत्यु हो गई। इसकी सूचना मिलने पर तेरापंथ युवक परिषद नोखा के पदाधिकारियों व सदस्यों ने परिजनों से संपर्क कर नेत्रदान के लिए प्रेरित किया। परिवार के लोगों ने इस पर सहमति जताई। इसके बाद बीकानेर मेडिकल कॉलेज के नेत्र विभाग से संपर्क किया गया। सूचना मिलने पर नोखा जिला बागड़ी अस्पताल की नेत्र चिकित्सक डॉ. हिना, डॉ. रामरतन, नर्सिंग स्टाफ दानसिंह आदि घर पर पहुंचे। वहां नेत्रदान से संबंधित सभी प्रक्रिया पूरी की गई। तेयुप नोखा के अध्यक्ष गजेंद्र पारख ने बताया कि तेयुप ने वर्ष 2022-23 में अभी तक छह नेत्रदान करवा दिए। मंत्री अरिहन्त सुखलेचा ने नेत्रदान के लिए पारख परिवार को साधुवाद दिया।

ये बने साक्षी

इस कार्य के दौरान दिवंगत लक्ष्मीनारायण की पत्नी पुष्पा देवी, पुत्र विकास, विक्रम, विवेक, भाई हंसराज, लाभचंद, शान्तिलाल पारख सहित अन्य परिजन, नोखा तेयुप के नेत्रदान प्रभारी हुलास कोचर, निर्मल चौपड़ा, अभातेयपु के गोपाल लूणावत, मनोज घीया, रुपचंद बैद, ओमप्रकाश गोलछा, संदीप चौरडि़या, महावीर मालू, हंसराज भूरा, किशोर पारख, प्रवीण पारख, संपत लाल चौरडि़या, सुरेश बोथरा आदि मौजूद रहे।