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पीबीएम के चार चिकित्सकों की टीम ने ऑपरेशन कर लौटाई चेहरे की खूबसूरती

पीबीएम के डेंटल विभाग के चिकित्सकों ने एक किशोर के चेहरे को विकृत होने से बचाया है।

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PBM hospital bikaner

पीबीएम अस्पताल

बीकानेर . पीबीएम के डेंटल विभाग के चिकित्सकों ने एक किशोर के चेहरे को विकृत होने से बचाया है। चार चिकित्सकों की टीम ने सोमवार को उसका ऑपरेशन कर टेढ़ी-मेढ़ी होती भौहों और चेहरे का सही स्वरूप लौटाया। अब किशोर स्वस्थ है।

नोखा क्षेत्र के 15 वर्षीय रामस्वरूप का सड़क हादसे के बाद से चेहरे की भौहें ऊपर-नीचे हो गई, जिससे चेहरा अजीब-सा दिखाई देने लगा। परिजनों ने रामस्वरूप को दंत विभागाध्यक्ष डॉ. रंजन माथुर को दिखाया। डॉ. माथुर ने रामस्वरूप के चेहरे का ऑपरेशन करने का निर्णय लिया। सोमवार को डॉ. माथुर के नेतृत्व में डॉ. कुसुम, डॉ. सोनाली, डॉ. युनुस की टीम में रामस्वरूप का ऑपरेशन का भौहों को सही किया। करीब एक घंटे ऑपरेशन चला।

ट्रैक्टर से गिर गया था
वर्ष 2007-08 में नोखा क्षेत्र का रामस्वरूप ट्रैक्टर से गिरकर घायल हो गया था, जिससे उसके सिर व चेहरे पर चोटें आई। हादसे के समय उसकी उम्र 6-7 साल ही थी। अब पिछले दो-तीन साल से उसके एक आंख की भौहें ऊपर चढऩे लगी, जिससे चेहरा अजीब दिखाई देने लगा। पहले तो परिजनों ने चोट के निशान समझ कर ध्यान नहीं दिया लेकिन अधिक टेड़ी व ऊपर नीचे होने लगी तब वे चिकित्सक के पास पहुंचे।

रामस्वरूप की दायीं आंख की भौहें टेड़ी-मेढ़ी व ऊपर नीचे हो गई थी। वैसे तो यह काम प्लास्टिक सर्जरी से बेहतर होता है लेकिन हमने चिकित्सक साथी से मशविरा कर स्कार रिविजन करने का फैसला लिया। ऑपरेशन से भौहों को वापस रिवाइज कर ठीक करने में कामयाब हुए। इस तरह के ऑपरेशन यहां बहुत कम होते हैं।
डॉ. रंजन माथुर, विभागाध्यक्ष दंत विभाग

चिकित्सकों व कर्मियों की निगरानी के लिए कमेटी
बीकानेर.
प्रदेश के चिकित्सालयों में चिकित्सकों एवं पैरा मेडिकल कर्मचारियों के देरी से आने और ड्यूटी के समय बार-बार गायब होने के मसले पर सरकारी पूरी तरह से गंभीर है। इन पर नकेल कसने के लिए सरकार ने अब प्रदेश के मेडिकल कॉलेजों एवं सरकारी चिकित्सालय के अधिकारियों को आदेश जारी किए हैं।

चिकित्सा मंत्री कालीचरण सराफ ने चिकित्सकों व पैरा मेडिकल कर्मचारियों की समय पर उपस्थिति सुनिश्चित करने, चिकित्सालय समय में बिना अनुमति अनुपस्थित रहने, कार्य बहिष्कार करने वालों के विरुद्ध नियमानुसार कार्रवाई करने के लिए औचक निरीक्षण कर साप्ताहिक रिपोर्ट प्रस्तुत करने के आदेश दिए हैं।

चार सदस्यीय कमेटी
मंत्री के आदेश मिलने के बाद एसपी मेडिकल कॉलेज प्राचार्य डॉ. आरपी अग्रवाल ने चार सदस्यीय कमेटी का गठन किया है। कमेटी में पीबीएम अधीक्षक डॉ. पीके बैरवाल, अति. प्राचार्य प्रथम डॉ. एलए गौरी, अतिरिक्त प्राचार्य द्वितीय डॉ. रंजन माथुर, उपाधीक्षक डॉ. अजय कपूर को शामिल किया है। डॉ. बैरवाल व डॉ. कपूर को सम्बद्ध चिकित्सालय वर्ग पीबीएम, डॉ. गौरी को जिला अस्पताल एवं डॉ. माथुर को गंगाशहर चिकित्सालय का निरीक्षण करने तथा रिपोर्ट भेजने के लिए पाबंद किया है।