
police Hooliganism
बीकानेर. नेशनल हाइवे पर आधी रात के बाद मरीज को लेकर श्रीगंगानगर से बीकानेर आ रही कार में तोडफ़ोड़ करने और मरीज सहित सवार सभी लोगों को पीटा गया। गुडों सी इस हरकत से सहमे कार में सवार लोगों ने जान की गुहार करते हुए अपने पास की नकदी और कीमती सामान तक देने को तैयार हो गए। उन्होंने खुद को लुटेरों का शिकार होना मानकर एेसा किया लेकिन, जब वारदात करने वालों ने खुद को पुलिसकर्मी बताया तो पैरों तले जमीन खिसक गई।
पीडि़त रविवार को बीछवाल थाने में इस घटना को अंजाम देने वाले पुलिस कर्मियों के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज कराने पहुंचे। पुलिस ने मामला तो दर्ज नहीं किया लेकिन अपने अधीनस्थ कार्मिकों की एेसी हरकत की जानकारी मिलने पुलिस अधिकारी सक्रिय हो गए। पुलिस अधीक्षक ने मामले की जांच के आदेश दिए है। हमलावर पुलिस कर्मियों की ओर से इस कार को तस्कर की समझकर एेसा करने का हवाला देकर अपना बचाव करने की बात सामने आई है।
लाठी से लैस खाकी
हनुमानगढ़ जिले की संगरिया तहसील के लीलावाली गांव निवासी मुकेश कड़वा अपने परिवार के सदस्य नरेन्द्र सहारण को उपचार के लिए शनिवार तड़के बीकानेर लेकर कार से आ रहे थे। कार में रामप्रताप श्योराण, वेदप्रकाश सहारण, संजय सहारण आदि थे। बीछवाल के पास पहुंचने पर मरीज नरेन्द्र की तबीयत अधिक बिगडऩे पर उन्होंने कार को सड़क किनारे रोक लिया।
इसी दौरान पीछे से जीप वहां आकर रूकी और उसमें सवार लाठी से लैस दो जनों ने बिना कुछ पूछे और जाने मरीज की कार पर ताबड़तोड़ वार शुरू कर दिए। कार के शीशे टूट गए और उसमें सवार मरीज व अन्य सहम गए। इसके बाद हमलावर दोनों जनों ने बैगों की तलाशी ली तो कुछ नहीं मिला। इसी दौरान मरीज व अन्य उन्हें लुटेरे समझकर अपने पास जो नकदी थी वह देने की पेशकश करते हुए छोडऩे की गुहार करने लगे।
गलती भांप धमकाया
तलाशी ले रहे लठैत पुलिसकर्मियों को गलती का अहसास हुआ तो उन्होंने कार सवार लोगों को धमकाते हुए भाग जाने को कहा। इसी बीच जीप से एक अन्य व्यक्ति पुलिस की वर्दी में उतरा और खुद को पुलिस अधिकारी रामप्रताप गोदारा बताया। डरा सहमा परिवार मरीज को लेकर पीबीएम पहुंचा और उसे भर्ती कराया। इसके बाद शाम को बीछवाल थाने पहुंचे और लिखित रिपोर्ट दी।
मरीज की तबीयत खराब होने पर बीकानेर पीबीएम अस्पताल ला रहे थे। रास्ते में मरीज की तबीयत ज्यादा बिगडऩे पर कार को रोका तो जीप में सवार होकर आए दो जनों ने उन पर हमला कर दिया। उनका तीसरा साथी पुलिस की वर्दी में जीप में सवार था। उसने वारदात के बारे में किसी को बताने पर जान से मारने की धमकी दी।
मुकेश कड़ेला, पीडि़त
कार में तोडफ़ोड़ और मारपीट करने के संबंध में परिवाद मिला है। मामले की जांच कर रहे है।
धीरेन्द्रसिंह शेखावत, सीआई बीछवाल थाना
पुलिस कर्मियों पर रात को हाईवे पर एक गाड़ी में तोडफ़ोड़ और मारपीट की शिकायत मिली है। आरोप पुलिसकर्मियों पर है। मामले को गंभीरता से लेते हुए जांच के आदेश दिए है।
सवाई सिंह गोदारा, पुलिस अधीक्षक बीकानेर।
Published on:
30 Jul 2018 08:04 am
