16 मार्च 2026,

सोमवार

Patrika Logo
Switch to English
home_icon

मेरी खबर

video_icon

शॉर्ट्स

epaper_icon

ई-पेपर

वाहन ऋण मुक्त होते ही आरसी से हटेगा नोट, परिवहन विभाग के नहीं लगाने पड़ेंगे चक्कर

केन्द्र सरकार ने फाइनेंस पर वाहन लेने वालों को बड़ी राहत दी है। अब बैंक अथवा फाइनेंस कम्पनी का कर्ज चुकाने के बाद वाहन चालक को अपनी आरसी को फ्री कराने के लिए चक्कर नहीं काटने पड़े। नई डिजिटल व्यवस्था लागू, एसएमएस से मिलेगा अपडेट।

2 min read
Google source verification

बीकानेर. फाइनेंस कम्पनी या बैंक से ऋण लेकर वाहन खरीदा है तो, ऋण चुकता करने के बाद अब परिवहन विभाग के चक्कर नहीं काटने पड़ेंगे। वाहन ऋण चुकाने के बाद रजिस्ट्रेशन सर्टिफिकेट (आरसी) से बैंक या फाइनेंस कंपनी के नाम का नोट स्वत हट जाएगा। इसके लिए जिला परिवहन विभाग या क्षेत्रीय परिवहन कार्यालय नहीं जाना पड़ेगा।केन्द्र सरकार ने नई डिजिटल व्यवस्था लागू कर दी है। इसके तहत वाहन ऋण की अंतिम किस्त जमा होते ही आरसी से हाइपोथिकेशन यानी बैंक का नोट स्वतः हट जाएगा। इसके बाद राज्य सरकार साॅफ्टवेयर में डाटा अपलोड कर इस व्यवस्था को चालू करने पर काम कर रही है। जल्द ही यह व्यवस्था प्रदेश के सभी परिवहन विभाग कार्यालयों में लागू हो जाएगी।

पोर्टल से जोड़े बैंक और एनबीएफसी

सड़क परिवहन एवं राजमार्ग मंत्रालय ने यह नई व्यवस्था एक मार्च से लागू कर दी है। फिलहाल परिवहन विभाग के सॉफ्टवेयर को इस व्यवस्था के तहत एक राष्ट्रीयकृत बैंक और पांच गैर बैंकिंग वित्तीय कंपनियों (एनबीएफसी) से जोड़ा जा चुका है। शेष बैंकों और फाइनेंस कम्पनियों को भी इससे जोड़ा जाएगा। इसके बाद किसी भी बैंक या फाइनेंस कम्पनी से वाहन फाइनेंस होने पर ऋण चुकता के साथ ऑनलाइन आरसी भी अपडेट होने लगेगी।

ऐसे काम करेगी नई प्रणाली

जैसे ही वाहन मालिक अपने वाहन ऋण की अंतिम किस्त चुकाएगा, संबंधित बैंक या फाइनेंसर कम्पनी अपने सिस्टम में इसे अपडेट करेगा। यह ऑनलाइन सिस्टम परिवहन विभाग के सोफ्टवेयर से जुड़ा होने से आरसी भी अपडेट हो जाएगी। किसी व्यक्ति के मैन्युअल हस्तक्षेप की जरूरत नहीं रहेगी। वाहन मालिक को एसएमएस से इसकी सूचना भी मिल जाएगी। इसके बाद वह किसी भी ई मित्र से जाकर अपनी अपडेट आरसी अपलोड कर प्राप्त कर सकेगा।

अभी यह है व्यवस्था

वर्तमान में वाहन ऋण चुकता करने पर बैंक या कम्पनी मेल के माध्यम से परिवहन विभाग को इसकी सूचना भेजते है। साथ ही अनापत्ति प्रमाण पत्र (एनओसी) की हार्ड कॉपी वाहन मालिक को देते है। वाहन मालिक हार्ड कॉपी और अपनी आरसी को परिवहन विभाग में प्रस्तुत करता है। मैनुअल वैरीफिकेशन के साथ संबंधित बैंक या कम्पनी के मेल से मिलान करने के बाद आरसी से नोट हटाया जाता है। इसके लिए वाहन मालिक को बैंक और परिवहन विभाग के चक्कर काटने पड़ते है।

क्या होता है हाइपोथिकेशन

जब कोई व्यक्ति कार या बाइक लोन पर खरीदता है तो वाहन की आरसी में बैंक या फाइनेंस कंपनी का नाम दर्ज किया जाता है। इसे हाइपोथिकेशन कहा जाता है। इसका अर्थ होता है कि जब तक वाहन ऋण पूरी तरह चुकता नहीं होता, तब तक वाहन पर बैंक या वित्तीय संस्था का कानूनी अधिकार रहेगा।

सॉफ्टवेयर अपडेट होते ही लागू

फाइनेंस पर खरीदे वाहनों के ऋणमुक्त होते ही आरसी से हाइपोथिकेशन स्वतः हटाने की व्यवस्था केन्द्र सरकार ने लागू कर दी है। राज्य में भी यह व्यवस्था सॉफ्टवेयर में डेटा अपडेट करते ही लागू हो जाएगी। इससे आमजन को काफी राहत मिलेगी।

- अनिल पण्डया, क्षेत्रीय प्रादेशिक परिवहन अधिकारी बीकानेर