स्वामी केशवानंद राजस्थान कृषि विश्वविद्यालय की ओर से विश्वविद्यालय सामाजिक उत्तरदायित्व के तहत गोद लिए गांव कावनी में शुक्रवार को जल संरक्षण पर कृषक प्रशिक्षण कार्यक्रम का आयोजन किया गया। अनुसंधान निदेशक डॉ. पी. एस. शेखावत ने बताया कि वर्षा ऋतु के प्रारंभ होने के साथ ही वर्षा जल के संचयन, संरक्षण एवं सुनियोजित उपयोग को सुनिश्चित करने के उद्देश्य से प्रशिक्षण आयोजित किया गया। इस प्रशिक्षण में उपनिदेशक कृषि अनुसंधान जितेंद्र गौड़ ने वर्षा से प्राप्त होने वाले जल के आंकलन, खेत तलाई, जल हौज, डिग्गी में जल संग्रहण, जल वहन के लिए पाइप लाइन स्कीम एवं सूक्ष्म सिंचाई विधियों के बारे में विस्तार से जानकारी दी। अतिरिक्त निदेशक अनुसंधान डॉ. पी.सी. गुप्ता ने भूमि में नमी संरक्षण के लिए समय पर गुडाई तथा मल्चिंग के महत्व पर प्रकाश डाला।