मंच के सचिव केशव बाजपेयी ने बताया कि बैल दौड़ प्रतियोगिता के लिए कृषकों को आमंत्रित करते हैं। इसमें खमतराई, बैमा नगोई, मंगला, उस्लापुर, तिफरा, मोपका, तोरवा जैसे क्षेत्रों से कृषक अपने बैलों को लेकर आते है। बैल दौड़ में कई बार विवाद हो जाता है जिसके चलते पिछले तीन साल से दौड़ कराई जाती है लेकिन इनाम की राशि सभी को बराबर बांट दी जाती है।