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CG Politics : संसदीय सचिव रश्मि के खिलाफ अजा समाज ने घेरा कलेक्ट्रेट, CM के नाम ज्ञापन सौंपकर बोले …कहा नहीं देंगे वोट, यह है नाराजगी की वजह

रश्मि सिंह बिलासपुर जिले की तखतपुर विधानसभा सीट से कांग्रेस विधायक सरकार में संसदीय सचिव हैं। उनके खिलाफ अनुसूचित समाज के लोगों ने नाराजगी व्यक्त करते हुए कलेक्ट्रेट का घेराव किया। ज्ञापन देकर समाज के लोगों ने कहा कि अब रश्मि सिंह को वोट नहीं देंगे। हालांकि रश्मि सिंह किसी प्रकार के विवाद से इनकार करती हैं।

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संसदीय सचिव रश्मि के खिलाफ अजा समाज ने घेरा  क्लेक्ट्रेट, CM के नाम ज्ञापन सौंपकर बोले ...कहा नहीं देंगे वोट, यह है नाराजगी की वजह

प्रदर्शन करते समाज के लोग

बिलासपुर. अनुसूचित जाति समाज के लोगों ने तखतपुर विधायक (Takhatpur MLA ) व संसदीय सचिव रश्मि सिंह के खिलाफ मोर्चा खोल दिया है। संसदीय सचिव सिंह पर समाज के लोगों से अभद्रता, दुर्व्यवहार करने और झूठे मामले में फंसाने का आरोप लगाते हुए सोमवार को कलेक्टोरेट का घेराव किया। समाज के सदस्यों ने इसकी शिकायत करते हुए मुख्यमंत्री (CM Bhupesh baghel ) के नाम कलेक्टर डॉ सौरभ कुमार को ज्ञापन सौंपा।

कलेक्टर को सौंपे गए ज्ञापन में समाज के सदस्यों ने कहा है कि तखतपुर विधायक व संसदीय सचिव (Takhatpur MLA ) रश्मि सिह द्वारा अनुसूचित जाति वर्ग के लोगों को भी अपमानित किया जा रहा है। 31 दिसंबर को तखतपुर के ग्राम काठाकोनी में गुरु घासीदास की जयंती कार्यकम का आयोजन संतनामी समाज काठाकोनी द्वारा किया गया था। जहां मंच में समाजिक नेता संजीव खाण्डे व अन्य पहले से ही मंचस्थ थे तभी विधायक रश्मि सिंह वहां पहुंचीं जिसे देखकर समाजिक नेता मंच से उतर कर किनारे से बाहर जाने लगे। विधायक (Takhatpur MLA ) उनके पास गईं और तेज आवाज से बोलने लगी, कहां मुंह छुपाके भाग रहे हो। रे, तू, तड़ाक व अमर्यादित शब्दों का प्रयोग करते हुए दुर्व्यवहार करती रही। इससे पूरे विधानसभा में अनुसूचित जाति वर्ग के लोग आकोशित हैं और उनके व्यवहार से दुखी हैं।

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हम अनुसूचित जाति (सतनामी) वर्ग तखतपुर विधानसभा के पूरे लोग अमर्यादित शब्दों की कडी निंदा करते हैं और तखतपुर विधायक रश्मि आशीष सिंह ठाकुर के विरुद्ध निंदा प्रस्ताव पारित करते हैं। साथ ही समाज के लोगों ने निर्णय लिया है कि तखतपुर क्षेत्र के लगभग 45 हजार वोट बैंक वाला अनुसूचित जाति समाज तखतपुर विधायक रश्मि आशीष सिंह को दोबारा समर्थन नहीं करेगा। आरोप लगाया कि विधायक (Takhatpur MLA ) के साथ मंच पर नही बैठने का एक ही कारण था कि विधायक अनुसूचित जाति समाज के साथ अमर्यादित व्यवहार व जातिगत भेद-भाव रखते है। जो हमारा सामाजिक अपमान है। विधायक ने कार्यक्रम के दौरान कहा था कि अनुसूचित जाति वर्ग के लोग मुझे वोट नहीं दिए हैं उनका काम नहीं करूंगी।

उन्होंने कहा था कि मैं पूर्व विधायक ठाकुर बलराम सिंह की बहू और रोहणी कुमार बाजपेई की बेटी हूं, कभी झुकूंगी नहीं। समाज के सामाजिक नेताओं के प्रति उनका द्वेष और भी बढ गया है साथ ही सामाजिक नेताओं के ऊपर खतरा भी बढ़ गया है जिससे उनके द्वारा कभी भी समाज के नेताओं को झूठी केस में फंसाया जा सकता है या कोई अप्रिय घटना घटित की जा सकती है, इसलिए तखतपुर विधानसभा के हमारे समाज के किसी भी सामाजिक नेताओं पर कोई भी घटना या दुर्घटना घटित होता है तो इसके जिम्मेदार तखतपुर की विधायक व संसदीय सचिव रश्मि आशिष सिंह होंगी।

इनका यह कहना है

कार्यक्रम में विधायक (Takhatpur MLA ) रश्मि सिंह को नहीं बुलाए जाने की जानकारी देकर आयोजन समिति ने मुझ़े और अन्य लोगों को अतिथि बनाया था, तभी वहां विधायक सिंह के पहुंचने पर मैं और समाज के अन्य लोग मंच से नीचे उतर रहे थे, तभी विधायक ने समाज के लोगों से दुर्व्यवहार किया। मंच पर मौजूद तीन गांव के सरपंचों को उद्बोधन देने के लिए भी उन्होंने अभद्र व्यवहार किया। हमें झूठे मामले में विधायक सिंह द्वारा फंसाए जाने की आशंका है इसलिए समाज के लोगों ने सीएम के नाम कलेक्टर को ज्ञापन सौपा है।

संजीव खांडे, प्रदेश उपाध्यक्ष छत्तीसगढ़, सतनाम महासंघ


जनप्रतिनिधि होने के नाते मैंने किसी के साथ अभद्र व्यवहार नहीं किया है। कार्यक्रम में समाज के लोगों के साथ संजीव खांडे और अन्य लोगों के साथ बातचीत हुई थी। क्षेत्र की जनप्रतिनिधि होने के नाते मुझ़े कार्यक्रम में आयोजन समिति द्वारा बुलवाया गया था। संजीव खांडे बसपा से जुड़े हैं और मेरे खिलाफ चुनाव में संतोष कौशिक के पक्ष में चुनाव प्रचार कर रहे थे। मुझ पर लगाए जा रहे सारे आरोप बेबुनियाद हैं।

रश्मि सिंह, संसदीय सचिव व विधायक तखतपुर