
Bilaspur Fraud News
Bilaspur Fraud News: छत्तीसगढ़ के बिलासपुर शहर के सिविल लाइन थाना क्षेत्र से जमीन खरीद-बिक्री के नाम पर बड़ी धोखाधड़ी का सनसनीखेज मामला सामने आया है। गोंडपारा निवासी एक महिला से करीब 1 करोड़ 90 लाख रुपये की ठगी कर ली गई। आरोप है कि आरोपी अंकित एक्का ने महिला को झांसे में लेकर जमीन की रजिस्ट्री अपने नाम करवा ली, लेकिन तय रकम का भुगतान नहीं किया। मामले की शिकायत के बाद सिविल लाइन थाना पुलिस ने आरोपी के खिलाफ धोखाधड़ी का अपराध दर्ज कर उसकी तलाश शुरू कर दी है।
जानकारी के अनुसार आरोपी अंकित एक्का ने महिला से जमीन खरीदने का सौदा तय किया था। विश्वास दिलाने के लिए उसने महिला को ब्लैंक चेक सौंपे और भरोसा दिलाया कि जल्द ही पूरी भुगतान राशि उसके खाते में पहुंच जाएगी। आरोपी की बातों पर विश्वास करते हुए महिला ने जमीन की रजिस्ट्री उसके नाम पर करा दी।
रजिस्ट्री प्रक्रिया के दौरान सरकारी दस्तावेजों में बाकायदा चार चेक नंबरों का उल्लेख भी किया गया, ताकि लेन-देन को वैध और नियमों के अनुरूप दिखाया जा सके। लेकिन बाद में सामने आया कि जिन चेक नंबरों का जिक्र किया गया था, वैसा कोई वैध चेक आरोपी ने महिला को नहीं दिया था।
जमीन अपने नाम पर कराने के बाद आरोपी ने महिला को भुगतान देने में आनाकानी शुरू कर दी। पीड़िता लगातार आरोपी से संपर्क करती रही, लेकिन वह हर बार बहाने बनाकर मामले को टालता रहा। जब महिला को ठगी का एहसास हुआ तो उसने पूरे मामले की शिकायत सिविल लाइन थाना में दर्ज कराई। पीड़िता का आरोप है कि आरोपी ने सुनियोजित तरीके से उसे झांसे में लेकर करोड़ों रुपये की संपत्ति हड़प ली। मामले के सामने आने के बाद इलाके में हड़कंप मच गया है।
सिविल लाइन थाना पुलिस ने शिकायत के आधार पर आरोपी अंकित एक्का के खिलाफ धोखाधड़ी की धाराओं के तहत एफआईआर दर्ज कर ली है। पुलिस अधिकारियों का कहना है कि प्रारंभिक जांच में मामला गंभीर आर्थिक अपराध का प्रतीत हो रहा है। पुलिस अब आरोपी की तलाश में जुट गई है और जल्द गिरफ्तारी की बात कही जा रही है। साथ ही यह भी जांच की जा रही है कि इस पूरे मामले में कोई अन्य व्यक्ति या गिरोह शामिल था या नहीं।
बिलासपुर और आसपास के क्षेत्रों में जमीन खरीद-बिक्री के मामलों में धोखाधड़ी की घटनाएं लगातार सामने आ रही हैं। विशेषज्ञों का कहना है कि किसी भी संपत्ति का सौदा करते समय भुगतान और दस्तावेजों की कानूनी जांच बेहद जरूरी है। बिना सत्यापन के केवल भरोसे पर रजिस्ट्री कराने से लोग बड़ी आर्थिक ठगी का शिकार हो सकते हैं। इस मामले ने एक बार फिर जमीन कारोबार में पारदर्शिता और कानूनी सतर्कता की जरूरत को उजागर कर दिया है।
Updated on:
28 May 2026 04:17 pm
Published on:
28 May 2026 04:17 pm
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