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सड़क चौड़ीकरण के नाम पर फिर चढ़ेगी पेड़ों की बलि, देखें वीडियो

वन विभाग और तहसीलदार ने सड़क चौड़ीकरण के लिए सर्वेक्षण रिपोर्ट प्रभारी कलेक्टर केडी कुंजाम को भेज दी है।

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बिलासपुर . मंगला चौक से उसलापुर ओवरब्रिज तक हरे-भरे पेड़ काटने के लिए लोक निर्माण विभाग ने अनुमति मांगी है। इस मार्ग केपर सड़क का चौड़ीकरण करने का प्रस्ताव है। इसके लिए 25 वृक्षों का चिन्हाकन किया गया है। लोक निर्माण संभाग क्रमांक एक द्वारा मंगला चौक से लेकर उसलापुर ओवरब्रिज तक सड़क चौड़ीकरण करने का प्रस्ताव है। इसके लिए लोनिवि ने चौड़ीकरण में बाधित वृक्षों को काटने के लिए राजस्व एवं वन विभाग से अनुमति मांगी गई है। वन विभाग और तहसीलदार ने सड़क चौड़ीकरण के लिए सर्वेक्षण रिपोर्ट प्रभारी कलेक्टर केडी कुंजाम को भेज दी है।
फलदार-छायादार पेड़ : मंगला चौक से उसलापुर ओवरब्रिज तक फलदार-छायादार पेड़ है। ये सभी पेड़ हरे-भरे हैं। लेकिन लोक निर्माण विभाग ने सड़क चौड़ीकरण में बाधित वृक्षों को काटने के लिए प्रस्ताव राजस्व विभाग को दिया। राजस्व विभाग ने इसके लिए वन विभाग को पत्र पे्रषित किया। वन विभाग ने पेड़ काटने के खर्च का पूरा ब्योरा बनाकर राजस्व विभाग को दिया । वन विभाग की सहमति के बाद तहसीलदार डीएस उइके ने अनुमति संबंधी प्रस्ताव प्रभारी कलेक्टर केडी कुंजाम को भेज दिया है।
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तिफरा में काटेंगे 86 पेड़ : इससे पूर्व नगरीय प्रशासन विभाग ने महाराणा प्रताप चौक से तिफरा के सीएसईबी कार्यालय तक 86 पेड़ काटने की अनुमति मांगी है। प्रस्ताव को एसडीएम ने अनुमति के लिए भेज दिया है। इसकी अनुमति प्रभारी कलेक्टर से मिलने के बाद पेड़ कटाई का कार्य शुरू किया जाएगा।
पेड़ों की खामोश चीखों को सुनें : पेड़ों की खामोश चीखों को सुनें.. शहर में पेड़ पिछले कुछ साल से साफ्ट टारगेट बने हुए हैं। सड़क का कोई भी काम करना हो, सबसे पहले पेड़ों पर ही हमला होता है। पेड़ों के पास बचने का कोई रास्ता भी नहीं होता। न वे चीखते चिल्लात, न विरोध करते, और न किसी से कोई अपील। कटकर खामोशी से जमीन पर गिर जाते हैं। सड़कें चौड़ी करने के बहुत से तरीके हैं। सड़क तक दुकानों के बढ़े हुए कब्जे, जिनमें चबूतरे, छज्जे, पार्किंग स्थल शामिल हैं, हटाकर सड़क चौड़ी की जा सकती है। लेकिन ऐसा नहीं होता। जबकि पेड़ कटने के बाद भी आमतौर पर सड़क चौड़ी कम ही होती है।

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पेड़ कटने से जिस तरह शहर लगातार गर्म और प्रदूषित हो रहा है, उससे अब हमें चेत जाना चाहिए। पेड़ अपने लिए नहीं, हमारे लिए ही जीते हैं, हमें छांव, फल और आक्सीजन के तौर पर जिंदा रहने के लिए सांसें देकर। इसलिए पेड़ों की खामोश चीखों को अनसुना न करें। उन्हें जीने दें, आप अपने लिए... हम सबके लिए।
रिपोर्ट भेज दी : मंगला चौक से उसलापुर ओवरब्रिज तक सड़क चौड़ीकरण करने के लिए 25 पेड़ काटने की अनुमति पीडब्ल्यूडी ने मांगी है। इसमें फलदार,छायादार पेड़ है। इसकी रिपोर्ट प्रभारी कलेक्टर को भेज दी गई है।
डीएस उइके, तहसीलदार, बिलासपुर

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