दिग्गज अभिनेता नसीरुद्दीन शाह का एक वीडियो तेजी से सोशल मीडिया पर वायरल हो रही है। वीडियो में नसीरुद्दीन शाह हिंदुस्तान में रह रहे मुसलमानों पर गुस्सा करते हुए दिखाई दे रहे हैं। साथ ही उन्होंने अपनी चिंता भी जाहिर की है।
नई दिल्ली। तालिबान अफगानिस्तान पर कब्जा कर चुका है। काबुल के हालत पूरी दुनिया देख ही रही है। आज ये मुद्दा पूरी दुनिया के लिए चिंता का विषय बन चुका है। आम से लेकर कई बड़ी हस्तियां इस मुद्दे पर अपना पक्ष खुलकर रख रही हैं। वैसे अक्सर अभिनेता नसीरुद्दीन शाह गंभीर मुद्दों पर अपनी राय रखते हुए दिखाई देते हैं। वह इंडस्ट्री की उन हस्तियों में से एक हैं। जो अपनी बातों को खुलकर बोलते और कहते हैं। इस बार भी कुछ ऐसा ही देखने को मिल रहा है। दरअसल, अभिनेता नसीरुद्दीन शाह का एक वीडियो सोशल मीडिया पर सबका ध्यान खींच रहा है। वीडियो में नसीरुद्दीन शाह तालिबान को सपोर्ट कर रहे हिंदुस्तानी मुसलमानों को जमकर फटकार लगाते हुए दिखाई दे रहे हैं। वीडियो तेजी से वायरल हो रहा है।
हिंदुस्तानी मुसलमान खुद से पूछें सवाल
अभिनेता नसीरुद्दीन शाह की इस वीडियो को द महारष्ट्रन न्यूज ने अपने ऑफशियल इंस्टाग्राम पर साझा किया है। में अफगानिस्तान में तालिबान की सत्ता के आने से भारतीय मुसलमानों का जो एक वर्ग जश्न मना रहा है उसे खतरनाक बताया है। वीडियो में नसीरुद्दीन कह रहे हैं कि 'अफगानिस्तान में तालिबान की सत्ता में वापसी पूरी दुनिया के लिए चिंता का विषय है, लेकिन भारत में रहने वाले मुसलमानों में कुछ वर्ग जो इस बात जश्न मना रहे हैं वो कम खतरनाक नहीं है।
आज हर हिंदुस्तानी मुसलमान को अपने आप से ये सवाल पूछना चाहिए कि उसे अपने मजहब में सुधार और आधुनिकता चाहिए या वो पिछली सदियों के वहशीपन से साथ रहना चाहते हैं।'
नसीरुद्दीन शाह ने दी लोगों को नसीहत
अभिनेता वीडियो में आगे कहते हुए सुनाई दे रहे हैं कि "मैं हिंदुस्तानी मुसलमान हूं और जैसा कि मिर्जा गालिब कह गए हैं, मेरा रिश्ता अल्लाह मियां से बेहद बेतकल्लुफ है। मुझे सियासी मजहब की कोई जरुरत नहीं है। भगवान ऐसा वक्त न लाए जब ये इतना बदल जाए कि हम इसे पहचान भी न सकें।" वीडियो में एक्टर उर्दू बोलते हुए नज़र आ रहे हैं।
कब्जे के बाद भारतीय मुसलमानोें ने किया तालिबान का समर्थन
आपको बतातें चलें कि 15 अगस्त को तालिबान ने अफगानिस्तान पर कब्जा कर लिया था। जिसके बाद भारत में रहने वाले मुसलमानों में से कुछ लोग ऐसे थे। जिन्होंने इस तालिबान का समर्थन किया था। वहीं सत्ता में आने के बाद तालिबान के नेता दावा कर रहे हैं कि वो पूरी तरह से मानवाधिकारों का सम्मान करेंगे। यही नहीं तालिबान नेता ने कहा कि वो अब इस देश का उपयोग आतंकविदायों को नहीं करने देंगे।