उन्होंने आगे कहा, 'मैंने किसी की भी आवाज दबाने की हमेशा निंदा की है। यदि किसी नाटक को प्रतिबंधित किया जाता है, कोई फिल्म रोकी जाती है, तो मैंने हमेशा इसकी निंदा की है। मैं उस फिल्म को पसंद करता हूं या नहीं, यह बिलकुल अलग मुद्दा है। मैं किसी विचार से सहमत हूं या नहीं, यह बिलकुल अलग मुद्दा है। जहां तक अभिव्यक्ति की स्वतंत्रता की बात है, तो हर व्यक्ति को यह स्वंतत्रता मिलनी चाहिए।'