ऑडिशन देने में शर्माती थी
अपनी स्ट्रगलिंग लाइफ के बारे में सान्या कहती है कि चार साल पहले 15 दिसंबर को वह मुंबई आई थी और मार्च-अप्रैल तक उनके पास कोई काम नहीं था। उन्होंने बताया, 'शुरुआत में, मैं थोड़ी शर्मीली थी और ऑडिशन में जाने से भी शर्माती थी। कभी-कभार मैं जाती थी तो ऑडिशन देने वालों की भीड़ देखकर ऑटो लेकर वापस घर आ जाती थी। मुझे करीब 3-4 महीने कफर्टेबल होने में लगे ।'