
Dilip Kumar
नई दिल्ली: 'ट्रेजेडी किंग' कह जाने वाले रहे दिलीप कुमार (Dilip Kumar) हिंदी फिल्म इंडस्ट्री के दिग्गज एक्टरों मे से एक थे। उन्होंने अपने पांच दशक के फिल्मी करियर में एक से बढ़कर एक सुपरहिट फिल्में दीं। जिसमें देवदास, मुगल-ए-आजम जैसी फिल्मों में उन्होंने अपने शानदार अभिनय से सबके दिलों को जीत लिया था। दिलीप कुमार आखिरी बार 1998 में आई फिल्म 'किला' में नजर आए थे। आज हम आपको लीजेंड दिलीप कुमार एक्टर से जुड़ा एक दिलचस्प किस्सा बता रहे हैं। जिसमें उन्होंने अपनी जिद के कारण एक गाना तीन महीनों में शूट किया था। इस दौरान उनकी उंगलियां जख्मी हो गई थीं।
बॉडी डबल का यूज पसंद नहीं था
दरअसल बॉलीवुड में कई ऐसे एक्टर हैं, जो स्क्रीन पर बॉडी डबल का इस्तेमाल करना पसंद नहीं करते हैं और खुद ही मुश्किल सीन करने की कोशिश करते हैं। ऐसे ही दिलीप कुमार साहब थे, उन्हें भी बॉडी डबल का यूज पसंद नहीं था। उनका कहना था जह मेरा काम बॉडी डबल कर लेगा तो, मेरा क्या काम है।
ऐसा ही एक वाकया 1959 में आई दिलीप कुमार की फिल्म कोहिनूर से जुड़ा है। जिसके बारे में फिल्म के संगीतकार नौशाद अली ने अपने एक इंटरव्यू में बताया था। नौशाद अली ने बताया था कि इस फिल्म का एक गाना ‘मधुबन में राधिका नाचे रे...शूट किया जाना था। ये गाना आज भी लोगों को उतना ही पसंद है जितना की पहले हुआ करता था। जब ‘मधुबन में राधिका’ गाने की शूटिंग की जा रही थी तो, मेकर्स ने सलाह दी कि इस गाने में दिलीप कुमार का बॉडी डबल चाहिए होगा।
वह अपने सीन खुद करेंगे
नौशाद अली ने बताया था कि दिलीप कुमार ने इस पर ऐतराज जताया और कहा कि वह अपने सीन खुद करेंगे। लेकिन दिलीप कुमार को बताया गया कि ये गाना एक क्लासिकल सॉन्ग है। गाने में एक जगह वो सितार बजाते हुए दिखाए जाएंगे, जो कि उन्हें नहीं आता है। ऐसे में डायरेक्टर एसयू सनी ने कहा था कि बिना बॉडी डबल के बगैर काम नहीं चल पाएगा। इसके बाद भी दिलीप कुमार ने कहा कि वो ये सीन खुद करेंगे और निर्देशक को उनकी बात माननी ही पड़ी।
ऐसे में तय हुआ कि दिलीप कुमार ही सितार बजाएंगे, लेकिन क्लोज शॉट में वादक की उंगलियों के शॉट डाल दिए जाएंगे। दिलीप कुमार ने जब ये सुना तो दोबारा अड़ गए और बोले कि जब ऐसा ही करना है तो मेरी क्या जरूरत? दिलीप कुमार ने कहा कि ये क्लोजअप भी वो खुद देंगे।
2 से 3 महीने सितार को दिए
ऐसे में दिलीप कुमार ने 2 से 3 महीने सितार को दिए और रियाज किया। इस तरह एक गाने के एक शॉट को पूरा करने में 3 महीने लग गए। गाना शूट करने के बाद दिलीप साहब खाना खाने चले गए था। जब नौशाद उनके पास आकर बैठे तो उन्होंने देखा कि दिलीप कुमार की उंगलियों में टेप लगी हुई हैं। जब उनसे पूछा गया तो दिलीप साहब ने बताया कि सितार बजाते वक्त उनकी उंगलियां खून से लथपथ हो हो गई थीं। ऐसे में कटी उंगलियों पर टेप लगाना पड़ा।
Updated on:
11 Dec 2021, 3:25 PM IST
Published on:
11 Dec 2021, 12:35 PM IST
Copyright © 2026 Patrika Group. All Rights Reserved.