13 मई 2026,

बुधवार

Patrika Logo
Switch to English
home_icon

मेरी खबर

video_icon

शॉर्ट्स

epaper_icon

ई-पेपर

लोगों को ठगों से बचाने वाली UP Police खुद महीनों तक ठगी का होती रही शिकार

अधकारी बनकर करते थे पुलिसवालों से ठगी

2 min read
Google source verification
up police

बुलंदशहर. आपने जनता को ठगी का शिकार बनते को काफी सुना और देखा भी होगा। लेकिन, क्या कभी आपने किसी पुलिसकर्मी या फिर किसी पुलिस अधिकारी से ठगी होने की कोई खबर नहीं सुनी होगी। लेकिन हम आपको आज एक ऐसी खबर बताने जा रहे हैं। जहां ठगों ने पुलिस वालों को ही चूना लगा दिया। जी हां, ठगों का यग गैंग सिर्फ पुलिस वालों को ही निशाना बनाता था। इस गैंग ने बुलंदशहर ही नही, बल्कि अमरोहा और बिजनौर में भी पुलिस अधिकारियों के साथ ठगी की वारदात को अंजाम दिया है। गौरतलब है कि इस गैंग के एक ठग को बुलंदशहर पुलिस ने मुठभेड़ के बाद गिरफ्तार किया है।

ऐसे देते थे वारदात को अंजाम

गैंग के सदस्य किसी भी थाने के थानाध्यक्ष बन जाते या फिर किसी भी जिले के एसएसपी के पीआरओ बनकर पुलिस वालों से ही ठगी की वारदात को अंजाम देता था। बता दें कि आरोपी ठग थानाप्रभारियों के सीयूजी नम्बरों पर कॉल करके कहते थे कि “मैं अरविंद त्यागी बोल रहा हूं और जनपद मुरादाबाद में तैनात हूं और कहा कि दो चोरी की गाड़ी है, जो आपके थाने में आएगी परन्तु गाड़ियो में तेल नही है तो आप हमारे अकाउन्ट में 05 हजार रूपए डलवा दो, जिससे गाड़ियों को थाने पर लाया जा सके। कभी कहते थे कि हम मुरादाबाद जनपद के एसएसपी के पीआरओ बोल रहे हैं। हमारे थाने की पुलिस अपराधियों का पीछा कर रहे हैं तथा हमारे गाड़ी का तेल खत्म हो गया है और हमारे पास पैसे भी नहीं है। हमारे अकाउन्ट में रूपए डलवा दीजिए, जिससे हम अपराधियों को पकड़ सकें। इस तरह ठगों द्वारा पुलिस विभाग से बताने पर थाना प्रभारी उन पर विश्वास कर उनके एकाउन्ट में पैसा डलवा देते थे और उनकी ठगी का शिकार हो जाते थे।

ऐसे हुआ खुलासा
एसपी सिटी प्रवीन रंजन ने बताया कि काफी समय से ऐसी ठगी की सूचनाऐं मिल रही थी। साथ ही पुलिस के सीयूजी नम्बरों पर कॉल आती थी। उसके बाद आरोपी ठग पुलिसकर्मियों से रुपए ठगने का काम करते थे। फर्जी नम्बर से कॉल और फर्जी जानकारी निकलने पर पुलिस ने एक ठग को गिरफ्तार कर पूछताछ की तो आरोपी ने पुलिसकर्मी से ठगी का खुलासा कर दिया।

मुठभेड़ के बाद किया गिरफ्तार
कोतवाली देहात प्रभारी तपेश्वर सागर और दिनेश प्रताप सिंह स्वाट प्रभारी ने मुखबिर की सूचना पर थाना प्रभारियों के साथ ठगी करने वाले दो व्यक्ति जैनपुर तिराहे पर खड़े हैं। इस सूचना पर कोतवाली देहात और प्रभारी स्वाट मय टीम संयुक्त कार्यवाही करते हुए बताए गए स्थान पर पहुंचे। पुलिस टीम को देखकर दोनों ठगों ने पुलिस पर फायरिंग करनी शुरू कर दी। पुलिस टीम ने घेराबन्दी कर दोनों ठगों पर कई राउड फायरिंग के बाद एक ठग को गिरफ्तार कर लिया, जबकि एक ठग मौके का फायदा उठाकर फरार हो गया। पुलिस ने इसके पास से एक मिनी बन्दूक, 5 बैंक की पासबुक और एक एटीएम कार्ड भी बरामद किए हैं।

कई जनपदों की पुलिस को बनाया निशाना
ठगों ने नगीना देहात (बिजनौर) के सीयूजी नम्बर पर कॉल कर थाना प्रभारी नगीना ठगी की। उसके बाद थानाप्रभारी रजबपुर (अमरोहा) के सीयूजी नम्बर पर कॉल कर ठगी का शिकार बनाया, जिसके बाद नगीना और रजबपुर पुलिस ने मुकदमा दर्ज कराया हैं। मुजफ्फरनगर और मेरठ के अधिकारयों को भी ठगी का शिकार बना चुके हैं।

बड़ी खबरें

View All

बुलंदशहर

उत्तर प्रदेश

ट्रेंडिंग